{"_id":"61df1ef9e2580c1c4e569f4a","slug":"doctores-post-vacant-in-bageshwar-bageshwar-news-hld4507802129","type":"story","status":"publish","title_hn":"वर्तमान में बागेश्वर जिले में 42 डॉक्टरों की कमी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वर्तमान में बागेश्वर जिले में 42 डॉक्टरों की कमी
विज्ञापन
Doctores Post Vacant in Bageshwar
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागेश्वर। जिले में डॉक्टरों की कमी से स्वास्थ्य व्यवस्था में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जिले में वर्तमान में 42 डॉक्टरों की कमी बनी हुई है। इनमें से सात चिकित्सक लंबे समय से बगैर अवकाश के नदारद हैं। कोरोना काल में डॉक्टरों की कमी लोगों की सेहत की देखभाल में भारी पड़ सकती है। फिलहाल चार नए डॉक्टरों ने कार्यभार ग्रहण किया है। इनमें से एक-एक महिला चिकित्सक की तैनाती कांडा और कपकोट सीएचसी में की गई है।
जिले में डाक्टरों के 105 पद सृजित हैं वर्तमान में 88 ही पदों पर ही तैनाती है। इनमें से सात डॉक्टर नदारद हैं। 14 डॉक्टर पीजी कोर्स करने गए हैं। जिला अस्पताल में ईएनटी सर्जन का पद लंबे समय से रिक्त है। कांडा और कपकोट सीएचसी में बाल रोग विशेषज्ञ का पद रिक्त है। कपकोट और कांडा अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञों के पद रिक्त होने से बच्चों के इलाज के लिए जिला अस्पताल आने की मजबूरी है। डॉक्टरों की कमी लोगों की सेहत पर भारी पड़ रही है।
कार्रवाई के लिए डीजी को पत्र लिखा : सीएमओ
बागेश्वर। सीएमओ डॉ. सुनीता टम्टा का कहना है कि बगैर अवकाश के नदारद चिकित्सकों पर कार्रवाई के लिए महानिदेशक स्वास्थ्य (डीजी) को पत्र भेजा गया है। हाल में चार नए चिकित्सकों ने कार्यभार ग्रहण किया है। इनमें से एक-एक महिला चिकित्सक को कपकोट और कांडा सीएचसी में तैनाती दी गई है। एक चिकित्सक की कौसानी अस्पताल में तैनाती हुई है। दो और चिकित्सकों की नियुक्ति के आदेश जिले में हुए हैं। आचार संहिता के कारण इन्होंने पदभार ग्रहण नहीं किया है। आचार संहिता समाप्त होने के बाद ये कार्यभार ग्रहण करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिले में डाक्टरों के 105 पद सृजित हैं वर्तमान में 88 ही पदों पर ही तैनाती है। इनमें से सात डॉक्टर नदारद हैं। 14 डॉक्टर पीजी कोर्स करने गए हैं। जिला अस्पताल में ईएनटी सर्जन का पद लंबे समय से रिक्त है। कांडा और कपकोट सीएचसी में बाल रोग विशेषज्ञ का पद रिक्त है। कपकोट और कांडा अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञों के पद रिक्त होने से बच्चों के इलाज के लिए जिला अस्पताल आने की मजबूरी है। डॉक्टरों की कमी लोगों की सेहत पर भारी पड़ रही है।
विज्ञापन
कार्रवाई के लिए डीजी को पत्र लिखा : सीएमओ
बागेश्वर। सीएमओ डॉ. सुनीता टम्टा का कहना है कि बगैर अवकाश के नदारद चिकित्सकों पर कार्रवाई के लिए महानिदेशक स्वास्थ्य (डीजी) को पत्र भेजा गया है। हाल में चार नए चिकित्सकों ने कार्यभार ग्रहण किया है। इनमें से एक-एक महिला चिकित्सक को कपकोट और कांडा सीएचसी में तैनाती दी गई है। एक चिकित्सक की कौसानी अस्पताल में तैनाती हुई है। दो और चिकित्सकों की नियुक्ति के आदेश जिले में हुए हैं। आचार संहिता के कारण इन्होंने पदभार ग्रहण नहीं किया है। आचार संहिता समाप्त होने के बाद ये कार्यभार ग्रहण करेंगे।
विज्ञापन