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नुक्कड़ नाटक कर गैरसैण को राजधानी बनाने के लिए जुटाया जनसमर्थन
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बागेश्वर में जनगीत गाते उत्तराखंड युवा शक्ति संगठन के सदस्य।
- फोटो : BAGESHWAR
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बागेश्वर। पांच नवंबर को रामनगर से शुरू हुई गैरसैंण राजधानी संकल्प जनसंवाद यात्रा चंपावत और पिथौरागढ़ होकर बृहस्पतिवार शाम बागेश्वर पहुंची। यात्रा में शामिल आंदोलनकारियों ने नुक्कड़ नाटक किए और पर्चा बांटकर जनसमर्थन जुटाया। इसके बाद यात्रा भिकियासैंण होकर गैरसैंण की ओर रवाना हो गई।
यात्रा के संयोजक राकेश नाथ ने बताया कि भाजपा सरकार जनभावनाओं से खिलवाड़ कर रही है। युवाओं को रोजगार के सपने दिखाने वाली सरकार गेस्ट टीचर और उपनल के माध्यम से सेवारत हजारों युवाओं का रोजगार छीन चुकी है। इसी कारण वह बेरोजगारी के आंकड़ों को सार्वजनिक नहीं कर रही है। सरकार कर्मचारियों को वेतन तक नहीं दे पा रही है।
वह स्थापना दिवस कार्यक्रमों के नाम पर फिजूलखर्ची कर रही है जबकि गैरसैंण को ऐसे आयोजनों से वंचित रखा गया है। इसे सहन नहीं किया जाएगा। यहां होटल में हुई प्रेसवार्ता में यात्रा में शामिल आंदोलनकारियों ने कहा कि जनभावनाओं के अनुरूप गैरसैंण में स्थायी राजधानी बनाई जानी चाहिए जबकि राज्य सरकार ने वहां निर्माण कार्य रोक दिए हैं। इसके खिलाफ प्रदेशवासियों को एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। इस दौरान धन सिंह तड़ियाल, मोहन राम, श्याम सिंह बिष्ट, नरेंद्र रावत, श्रवण कुमार, अर्जुन सिंह, ध्यान सिंह रावत आदि थे।
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यात्रा के संयोजक राकेश नाथ ने बताया कि भाजपा सरकार जनभावनाओं से खिलवाड़ कर रही है। युवाओं को रोजगार के सपने दिखाने वाली सरकार गेस्ट टीचर और उपनल के माध्यम से सेवारत हजारों युवाओं का रोजगार छीन चुकी है। इसी कारण वह बेरोजगारी के आंकड़ों को सार्वजनिक नहीं कर रही है। सरकार कर्मचारियों को वेतन तक नहीं दे पा रही है।
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वह स्थापना दिवस कार्यक्रमों के नाम पर फिजूलखर्ची कर रही है जबकि गैरसैंण को ऐसे आयोजनों से वंचित रखा गया है। इसे सहन नहीं किया जाएगा। यहां होटल में हुई प्रेसवार्ता में यात्रा में शामिल आंदोलनकारियों ने कहा कि जनभावनाओं के अनुरूप गैरसैंण में स्थायी राजधानी बनाई जानी चाहिए जबकि राज्य सरकार ने वहां निर्माण कार्य रोक दिए हैं। इसके खिलाफ प्रदेशवासियों को एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। इस दौरान धन सिंह तड़ियाल, मोहन राम, श्याम सिंह बिष्ट, नरेंद्र रावत, श्रवण कुमार, अर्जुन सिंह, ध्यान सिंह रावत आदि थे।
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