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शत-प्रतिशत फसल बीमा कराने और किसान क्रेडिट कार्ड बनाने के निर्देश
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बागेश्वर के विकास भवन में फसल बीमा योजना की बैठक लेते डीएम। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : BAGESHWAR
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बागेश्वर। डीएम विनीत कुमार ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की बैठक लेकर शत प्रतिशत किसानों का फसल बीमा कराने और किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने को कहा। उन्होंने किसानों का बीमा फॉर्म भरकर समय से ऑनलाइन अपलोड करने के निर्देश दिए। कहा कि अगर ऑनलाइन अपलोड समय से न करने पर किसान फसल बीमा से वंचित रहा तो संबंधित बैंक प्रबंधक से वसूली की जाएगी।
विकास भवन में हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीएम ने मुख्य कृषि अधिकारी से किसानों का बीमा करवाने के लिए कृषि मेले, शिविर का आयोजन करने और एलईडी वाहन से जागरूकता अभियान चलाने को कहा। बैंकर्स और सीएससी सेंटरों के संचालकों को बीमा करवाने का प्रशिक्षण देने के निर्देेश दिए। मुख्य कृषि अधिकारी एसएस वर्मा ने बताया कि अभी फसल बीमा योजना खरीफ का पोर्टल नहीं खुला है लेकिन कृषि विभाग ने करीब 650 किसानों के ऑफलाइन फॉर्म भरवा लिए हैं।
इन्हें पोर्टल खुलते ही ऑनलाइन कर दिया जाएगा। बताया कि किसान 15 जुलाई तक खरीफ फसल का बीमा करा सकते हैं। 31 जुलाई तक सभी बीमा पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड किए जाने हैं। बैठक में सीडीओ संजय सिंह, जिला उद्यान अधिकारी आरके सिंह, ई-डिस्ट्रिक्ट प्रबंधक रोहित बहुगुणा आदि मौजूद रहे।
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फसल बीमा के लाभ
बागेश्वर। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की शुरुआत वर्ष 2016 में हुई थी। फसल बीमा के माध्यम से किसान को सूखा, बाढ़, कीड़े और रोगों के प्रभाव, ओलावृष्टि, भूस्खलन, आग, बिजली और तूफान आदि से हुए नुकसान की भरपाई की जाती है। बीमा कराने के लिए किसान को धान के लिए प्रति नाली 17.43 रुपये और मडुवे के लिए प्रति नाली 18.65 रूपये प्रीमियम भरना होता है। एग्रीकल्चर बीमा कंपनी के फील्ड ऑफिसर ललित जोशी ने बताया कि योजना के तहत अब तक 6474 किसानों को 37 लाख प्रीमियम सापेक्ष 87 लाख क्लेम वितरित किया जा चुका है। संवाद
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विकास भवन में हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीएम ने मुख्य कृषि अधिकारी से किसानों का बीमा करवाने के लिए कृषि मेले, शिविर का आयोजन करने और एलईडी वाहन से जागरूकता अभियान चलाने को कहा। बैंकर्स और सीएससी सेंटरों के संचालकों को बीमा करवाने का प्रशिक्षण देने के निर्देेश दिए। मुख्य कृषि अधिकारी एसएस वर्मा ने बताया कि अभी फसल बीमा योजना खरीफ का पोर्टल नहीं खुला है लेकिन कृषि विभाग ने करीब 650 किसानों के ऑफलाइन फॉर्म भरवा लिए हैं।
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इन्हें पोर्टल खुलते ही ऑनलाइन कर दिया जाएगा। बताया कि किसान 15 जुलाई तक खरीफ फसल का बीमा करा सकते हैं। 31 जुलाई तक सभी बीमा पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड किए जाने हैं। बैठक में सीडीओ संजय सिंह, जिला उद्यान अधिकारी आरके सिंह, ई-डिस्ट्रिक्ट प्रबंधक रोहित बहुगुणा आदि मौजूद रहे।
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फसल बीमा के लाभ
बागेश्वर। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की शुरुआत वर्ष 2016 में हुई थी। फसल बीमा के माध्यम से किसान को सूखा, बाढ़, कीड़े और रोगों के प्रभाव, ओलावृष्टि, भूस्खलन, आग, बिजली और तूफान आदि से हुए नुकसान की भरपाई की जाती है। बीमा कराने के लिए किसान को धान के लिए प्रति नाली 17.43 रुपये और मडुवे के लिए प्रति नाली 18.65 रूपये प्रीमियम भरना होता है। एग्रीकल्चर बीमा कंपनी के फील्ड ऑफिसर ललित जोशी ने बताया कि योजना के तहत अब तक 6474 किसानों को 37 लाख प्रीमियम सापेक्ष 87 लाख क्लेम वितरित किया जा चुका है। संवाद