फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   Bageshwar is a strategically important rail route

सामरिक दृष्टि से भी जरूरी है बागेश्वर रेल मार्ग

Mon, 29 Jun 2015 01:40 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बागेश्वर।
ब्यूरो/अमर उजाला, बागेश्वर। Updated Mon, 29 Jun 2015 01:40 AM IST
विज्ञापन

बागेश्वर-टनकपुर रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति ने यहां तहसील मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। सरकार से शीघ्र ही रेल मार्ग के लिए बजट आवंटित करने की मांग की गई।

विज्ञापन


कहा कि चीन ने तिब्बत के ल्हासा में 17 हजार फीट की ऊंचाई तक रेल लाइन पहुंचा दी है। सीमावर्ती राज्य होने के कारण उत्तराखंड में रेल लाइन की जरूरत सामरिक महत्व से भी जुड़ी है।
विज्ञापन


तहसील मुख्यालय पर प्रदर्शन के बाद सभा हुई। वक्ताओं ने कहा केंद्र सरकार ऋषिकेश से कर्णप्रयाग तक रेल मार्ग बनाने के लिए भूमि का अधिग्रहण करने जा रही है, लेकिन बागेश्वर-टनकपुर मार्ग की उपेक्षा हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसके लिए सौ साल पहले अंग्रेजों ने सर्वे कर दिया था। इस रेल मार्ग को सामरिक महत्व का मार्ग मानकर सरकार पूर्व में इसे राष्ट्रीय परियोजना में शामिल कर चुकी है। लेकिन बजट का आवंटन नहीं होने के कारण पहले की पूरी कवायद बेकार चली गई है। रेल मार्ग के लिए संघर्ष समिति 2004 से आंदोलन कर रही है।

वक्ताओं ने कहा कि क्षेत्र के विकास के साथ ही सामरिक दृष्टि से भी रेल मार्ग जरूरी है, लेेकिन सरकार को इससे कोई सरोकार नहीं है। बैठक में तय हुआ कि रेल मार्ग का काम शुरू होने तक आंदोलन जारी रहेगा।


बैठक में रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति की अध्यक्ष नीमा दफौटी, महासचिव खड़क राम आर्य, प्रवक्ता हयात सिंह मेहता, उपाध्यक्ष केवल सिंह डियोढ़ी, कोषाध्यक्ष गिरीश चंद्र पाठक, संयोजक डुंगर सिंह नेगी, सलाहकार मोहन चंद्र जोशी, राज्य आंदोलनकारी हरीश खेतवाल, रतन सिंह शाही, सोबन सिंह सुगड़ा, खीम सिंह मेहता, लक्षमी धर्मशक्तू, सरस्वती गैलाकोटी, हेमा जोशी, उमेश मेहता आदि थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed