{"_id":"5cf2be40bdec22073f3f2a51","slug":"155941233412-bageshwar-news125","type":"story","status":"publish","title_hn":"अवैध निर्माण हुआ तो संबंधित अधिकारी होंगे जिम्मेदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अवैध निर्माण हुआ तो संबंधित अधिकारी होंगे जिम्मेदार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
बागेश्वर। डीएम रंजना राजगुरु ने जिला विकास प्राधिकरण की समीक्षा बैठक की। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि बिना नक्शे मंजूर हुए भवन निर्माण होने पर पूरी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी।
कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को हुई इस बैठक में उन्होंने कहा कि जिले में प्राधिकरण क्षेत्र के अंतर्गत अधिसूचित सभी गांवों व क्षेत्र में प्राधिकरण से नक्शे मंजूर हुए बिना भवनों का निर्माण नहीं होना चाहिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग, जल संस्थान, बिजली, वन, राजस्व के अधिकारियों को निर्देश दिये कि उनके पास भवन निर्माण मंजूरी के लिए जो भी नक्शों से संबंधित आवेदन लंबित हैं उनका तत्काल निस्तारण करें। इसकी संस्तुति आख्या जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण कार्यालय को उपलब्ध कराएं। उन्होंने सचिव विकास प्राधिकरण को निर्देश दिए कि वह निर्धारित समय में सभी प्रकार के मानचित्रों को स्वीकृति प्रदान करने के लिए सभी अभिलेख व्यवस्थित रखें। विकास प्राधिकरण में जो भी वाद पंजीकृत हैं उनकी नियमित रुप से सुनवाई करते हुए निस्तारण करें।
उन्होंने उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक, उपनिरीक्षकों को अपने क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। बैठक में बताया गया कि जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण ने 90 भवन स्वामियों के मानचित्र स्वीकृत किए हैं। अवैध निर्माण में अभी तक बागेश्वर, गरुड़, कपकोट में अभी तक 44 लोगों को नोटिस दिए गए है। बैठक में एसडीएम राकेश चंद्र तिवारी, जयवर्धन शर्मा, प्रमोद कुमार, बलवंत सिंह शाही, ईई भास्करानंद पांडे, एके जैन, यूसी पंत, एमके टम्टा आदि मौजूद थे।
कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को हुई इस बैठक में उन्होंने कहा कि जिले में प्राधिकरण क्षेत्र के अंतर्गत अधिसूचित सभी गांवों व क्षेत्र में प्राधिकरण से नक्शे मंजूर हुए बिना भवनों का निर्माण नहीं होना चाहिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग, जल संस्थान, बिजली, वन, राजस्व के अधिकारियों को निर्देश दिये कि उनके पास भवन निर्माण मंजूरी के लिए जो भी नक्शों से संबंधित आवेदन लंबित हैं उनका तत्काल निस्तारण करें। इसकी संस्तुति आख्या जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण कार्यालय को उपलब्ध कराएं। उन्होंने सचिव विकास प्राधिकरण को निर्देश दिए कि वह निर्धारित समय में सभी प्रकार के मानचित्रों को स्वीकृति प्रदान करने के लिए सभी अभिलेख व्यवस्थित रखें। विकास प्राधिकरण में जो भी वाद पंजीकृत हैं उनकी नियमित रुप से सुनवाई करते हुए निस्तारण करें।
विज्ञापन
उन्होंने उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक, उपनिरीक्षकों को अपने क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। बैठक में बताया गया कि जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण ने 90 भवन स्वामियों के मानचित्र स्वीकृत किए हैं। अवैध निर्माण में अभी तक बागेश्वर, गरुड़, कपकोट में अभी तक 44 लोगों को नोटिस दिए गए है। बैठक में एसडीएम राकेश चंद्र तिवारी, जयवर्धन शर्मा, प्रमोद कुमार, बलवंत सिंह शाही, ईई भास्करानंद पांडे, एके जैन, यूसी पंत, एमके टम्टा आदि मौजूद थे।
विज्ञापन