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नदी किनारे पड़े चावल के बोरों से आने लगी सड़ांध
Updated Fri, 09 Mar 2018 11:24 PM IST
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कपकोट (बागेश्वर)। चार दिन पूर्व छह मार्च को पूर्ति विभाग का चावल के बोराें से भरा ट्रक खीरगंगा नदी में गिर गया था। इसमें 30 बोरी चावल भीग गए थे।
पूर्ति विभाग ने सूखे हुए बोरे तो निकाल लिए थे, लेकिन पानी में भीगे बोरे नहीं निकाले थे, जो कि अभी भी नदी किनारे पड़े हैं। भीगी चावल की बोरियां से अब बदबू आने लगी है। सुंदर सिंह ऐठानी, विशन सिंह गड़िया, नरेश कोरंगा, राम सिंह, भाष्करानंद पांडेय, नारायण गढ़िया आदि लोगों ने पूर्ति विभाग से चावल की बोरियों के निस्तारण की मांग की है।
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पूर्ति विभाग ने सूखे हुए बोरे तो निकाल लिए थे, लेकिन पानी में भीगे बोरे नहीं निकाले थे, जो कि अभी भी नदी किनारे पड़े हैं। भीगी चावल की बोरियां से अब बदबू आने लगी है। सुंदर सिंह ऐठानी, विशन सिंह गड़िया, नरेश कोरंगा, राम सिंह, भाष्करानंद पांडेय, नारायण गढ़िया आदि लोगों ने पूर्ति विभाग से चावल की बोरियों के निस्तारण की मांग की है।