फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   दुराचारी को आजीवन कारावास व 50 हजार के अर्थदंड की सजा

दुराचारी को आजीवन कारावास व 50 हजार के अर्थदंड की सजा

Tue, 15 May 2018 11:47 PM IST
Updated Tue, 15 May 2018 11:47 PM IST
विज्ञापन
दुराचारी को आजीवन कारावास व 50 हजार के अर्थदंड की सजा
court
बागेश्वर। शादी का झांसा देकर दुराचार करने के आरोपी को अपर सत्र न्यायाधीश शमशेर अली ने उम्र कैद और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड में से 45 हजार रुपये मृतका के माता-पिता को दिए जाएंगे। बलात्कार के कारण गर्भवती हुई युवती 13 नवंबर 2017 की रात को दोषी के घर में फांसी पर झूल गई थी।
विज्ञापन

गरुड़ क्षेत्र के पचना गांव निवासी विनोद कुमार ने पंतनगर ऊधमसिंह नगर में नौकरी करने वाली क्षेत्र की एक युवती को अपने प्रेम जाल में फंसाया और उसे भगाकर ले गया और शादी का झांसा देकर उसके साथ कई बार दुराचार किया। इससे युवती गर्भवती हो गई। इसके बाद अभियुक्त युवती को छोड़कर अपने घर आ गया। कुछ दिन बाद पीड़िता युवती अभियुक्त के घर पहुंची तो दोनों के परिजनों ने समझौते का प्रयास किया, लेकिन अभियुक्त के पहले से ही शादीशुदा एवं एक पुत्री का पिता होने के कारण उनका राजीनामा नहीं हो सका। 13 नवंबर 2017 की रात बलात्कार पीड़िता युवती ने अभियुक्त के घर की छत से फंदे पर झूल गई। पोस्टमार्टम में मृतका की बच्चेदानी में भ्रूण मिला। भ्रूण का परीक्षण करने पर अभियुक्त विनोद कुमार ही उसका जैविक पिता निकला। राजस्व पुलिस से जांच मिलने के बाद रेगुलर पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी आबिद हसन एवं सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता चंचल सिंह पपोला ने पीड़िता मृतका के माता-पिता सहित कुल नौ गवाह न्यायालय में परीक्षित कराए। अपर सत्र न्यायाधीश शमशेर अली ने मंगलवार को फैसला सुनाते हुए अभियुक्त विनोद को आईपीसी की धारा 376 के तहत आजीवन कारावास, 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर एक साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। धारा 306, 315 के तहत 10-10 वर्ष के कठोर कारावास, 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड न देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अर्थदंड की राशि में से 45 हजार रुपये मृतका के माता-पिता को प्रतिकर के रूप में दिए जाएंगे। अभियुक्त वर्तमान में जेल में बंद है।
विज्ञापन


अर्थदंड में से 45 हजार रुपये मृतका के माता-पिता को मिलेंगे
13 नवंबर 2017 की रात पीड़िता दोषी के घर में फांसी पर झूल गई थी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed