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सैन्य पृष्ठभूमि पर कुमाऊंनी में लेख लिखने वाले होंगे सम्मानित
अल्मोड़ा़,अमर उजाला
Updated Thu, 25 May 2017 11:01 PM IST
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सर्वोच्च ब्रिटिश सैन्य पुरस्कार विक्टोरिया क्रास से सम्मानित कैप्टन गजे घले की याद में अब हर साल सैनिक पृष्ठभूमि पर कुमाऊंनी में लेख लिखने वाले रचनाकार को सम्मानित किया जाएगा। गजे घले के पुत्र और गृह मंत्रालय में उपनिदेशक पद से अवकाश प्राप्त केसर घले ने पिता की याद में किए जाने वाले इस आयोजन के लिए कुमाऊंनी भाषा साहित्य एवं संस्कृति प्रचार समिति, कसारदेवी को एक लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की है। इस बार भी 27 मई को गजे घले की याद में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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यहां आयोजित पत्रकार वार्ता में जानकारी देते हुए केसर घले ने बताया कि 27 मई 1943 को जापानी चौकियों को ध्वस्त करने के बाद उनके पिता कै. गजे घले को 1944 में लाल किले में तत्कालीन वायसराय लार्ड वेवल ने सर्वोच्च बिट्रिश सैन्य पुरस्कार विक्टोरिया क्रास से सम्मानित किया था। उसके बाद सेकेंड फाइव जीआर में तैनात उनके पिता 1963 में कैप्टन के पद पर अल्मोड़ा आए और यहीं से सेवानिवृत्त हुए। केसर घले ने बताया कि उनके पिता का अल्मोड़ा से लगाव रहा। वह यहां के लोगों से काफी प्रभावित थे।
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वरिष्ठ पत्रकार डा. शमशेर सिंह बिष्ट ने कहा कि गजे घले कुमाऊंनी लोगों के अलावा कुमाऊंनी भाषा के प्रति काफी लगाव रखते थे। यही कारण रहा कि नेपाल सरकार ने तब उनको मंत्री पद की सिफारिश की थी लेकिन अल्मोड़ा से लगाव के कारण उन्होंने यह पेशकश ठुकरा दी थी। कुमाऊंनी भाषा साहित्य एवं संस्कृति प्रचार समिति के संयोजक हयात सिंह रावत ने बताया कि कुमाऊंनी के प्रति प्रेम के कारण गजे घले के पुत्र केसर घले ने पिता की याद में कुमाऊंनी भाषा साहित्य एवं संस्कृति प्रचार समिति, कसारदेवी को एक लाख रुपये प्रोत्साहन राशि प्रदान की है। समिति इस पैसे के ब्याज से अगले वर्ष से हर साल 27 मई को सैनिक पृष्ठभूमि पर कुमाऊंनी में लेख लिखने वाले रचनाकार को सम्मानित करेगी। इस अवसर पर पूरन चंद्र तिवारी, जंग बहादुर थापा आदि मौजूद रहे। उन्होंने बताया कि इस बार 27 मई को भी विभिन्न कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।
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