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Almora News: विद्यालय की भूमि बेचने के मामले में डबल रजिस्ट्री के खेल का खुलासा
Mon, 13 Apr 2026 11:23 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Mon, 13 Apr 2026 11:23 PM IST
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स्याल्दे/मौलेखाल। स्याल्दे विकासखंड के चित्रकूट इंटर कॉलेज की भूमि बेचे जाने के मामले में डबल रजिस्ट्री का खेल सामने आया है। विद्यालय के नाम दर्ज जमीन की अवैध खरीद-फरोख्त के आरोपों के बीच प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक पड़ताल में खुलासा हुआ है कि विद्यालय को दान में मिली भूमि के कुछ हिस्सों को नियम विरुद्ध तरीके से बाहरी लोगों को बेच दिया गया।
एसडीएम याक्षी अरोरा के निर्देश पर तहसीलदार सल्ट आबिद अली सोमवार को मौके पर पहुंचे। उन्होंने सभी संबंधित लोगों से इस प्रकरण के बारे में जानकारी ली। सामने आया कि विद्यालय को दान में मिली जमीन पर तारबाड़ नहीं होने से दानदाताओं के वारिसों ने भूलवश भूमि की बिक्री कर दी। अब सीमांकन और नापजोख कर बेची गई जमीन के बदले विद्यालय को समतुल्य भूखंड दिलाने की संभावना पर विचार किया जा रहा है।
मामले का खुलासा मार्च माह में हुआ था जब इंटर कॉलेज चित्रकूट की जमीन को कथित रूप से धोखाधड़ी कर दिल्ली की एक पार्टी को बेचने की जानकारी सामने आई। विद्यालय प्रबंधन समिति ने नायब तहसीलदार को दिए शिकायती पत्र में बताया कि वर्ष 1999 में ग्रामीणों ने विद्यालय के लिए 15 नाली भूमि दान में दी थी जो विद्यालय के नाम दर्ज है। आरोप है कि इसी भूमि में से खेत संख्या 568 (करीब 2.4 नाली) की दोबारा रजिस्ट्री कर दिल्ली के एक परिवार को बेच दिया गया। इस बिक्री का खुलासा तब हुआ जब जेसीबी से खेत की खुदाई शुरू की गई।
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इसके अलावा खेत संख्या 2145 की भी कथित डबल रजिस्ट्री का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि विद्यालय के नाम दर्ज करीब 0.35 हेक्टेयर भूमि भी बाहरी पक्ष को बेच दी गई है। तहसीलदार आबिद अली ने स्वीकार किया कि विद्यालय की कुछ जमीन की बिक्री हुई है और मामले की गहन जांच की जा रही है। प्रशासन की तरफ से मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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यह गोल खाता है। वर्ष 1999 में विद्यालय का नाम चढ़ गया था। रजिस्ट्री डबल हो गई है। जिन्होंने भूमि दान में दी थी उनके बच्चों ने खेत बेच दिया। दिल्ली की पार्टी ने गोल खाते से अनजान होकर जमीन खरीदी। दूसर मामला खेत नंबर 2145 का है। इस खेत नंबर में रकबा दर्ज नहीं है कि कितनी जमीन बेची है। पटवारी को मंगलवार को मौके पर भेजा जाएगा।
आबिद अली, तहसीलदार सल्ट
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- जांच करने के लिए टीम गठित की गई थी जिसने तहसील में रिपोर्ट दी है। व्यस्त होने के चलते जांच रिपोर्ट नहीं देख पाया हूं। मामले की अन्य स्तर से भी जांच चल रही है।
सुनील दत्त सिमल्टी, नायब तहसीलदार, स्याल्दे
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मामला संज्ञान में है। सल्ट तहसीलदार को मौके पर जांच के लिए भेजा गया है। जांच चल रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
याक्षी अरोरा, उपजिलाधिकारी
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तहसीलदार के आदेश पर मामले कि ज्ञांच के लिए गए। जहां पर स्कूल प्रबंधन समिति से बात की। प्रबंधक ने आश्वासन दिया कि प्रबंधन समिति की बैठक में लिए गये फैसले के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
पवन ध्यानी, कानूनगो, बिश्राखेत स्याल्दे
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एसडीएम याक्षी अरोरा के निर्देश पर तहसीलदार सल्ट आबिद अली सोमवार को मौके पर पहुंचे। उन्होंने सभी संबंधित लोगों से इस प्रकरण के बारे में जानकारी ली। सामने आया कि विद्यालय को दान में मिली जमीन पर तारबाड़ नहीं होने से दानदाताओं के वारिसों ने भूलवश भूमि की बिक्री कर दी। अब सीमांकन और नापजोख कर बेची गई जमीन के बदले विद्यालय को समतुल्य भूखंड दिलाने की संभावना पर विचार किया जा रहा है।
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मामले का खुलासा मार्च माह में हुआ था जब इंटर कॉलेज चित्रकूट की जमीन को कथित रूप से धोखाधड़ी कर दिल्ली की एक पार्टी को बेचने की जानकारी सामने आई। विद्यालय प्रबंधन समिति ने नायब तहसीलदार को दिए शिकायती पत्र में बताया कि वर्ष 1999 में ग्रामीणों ने विद्यालय के लिए 15 नाली भूमि दान में दी थी जो विद्यालय के नाम दर्ज है। आरोप है कि इसी भूमि में से खेत संख्या 568 (करीब 2.4 नाली) की दोबारा रजिस्ट्री कर दिल्ली के एक परिवार को बेच दिया गया। इस बिक्री का खुलासा तब हुआ जब जेसीबी से खेत की खुदाई शुरू की गई।
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इसके अलावा खेत संख्या 2145 की भी कथित डबल रजिस्ट्री का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि विद्यालय के नाम दर्ज करीब 0.35 हेक्टेयर भूमि भी बाहरी पक्ष को बेच दी गई है। तहसीलदार आबिद अली ने स्वीकार किया कि विद्यालय की कुछ जमीन की बिक्री हुई है और मामले की गहन जांच की जा रही है। प्रशासन की तरफ से मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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यह गोल खाता है। वर्ष 1999 में विद्यालय का नाम चढ़ गया था। रजिस्ट्री डबल हो गई है। जिन्होंने भूमि दान में दी थी उनके बच्चों ने खेत बेच दिया। दिल्ली की पार्टी ने गोल खाते से अनजान होकर जमीन खरीदी। दूसर मामला खेत नंबर 2145 का है। इस खेत नंबर में रकबा दर्ज नहीं है कि कितनी जमीन बेची है। पटवारी को मंगलवार को मौके पर भेजा जाएगा।
आबिद अली, तहसीलदार सल्ट
- जांच करने के लिए टीम गठित की गई थी जिसने तहसील में रिपोर्ट दी है। व्यस्त होने के चलते जांच रिपोर्ट नहीं देख पाया हूं। मामले की अन्य स्तर से भी जांच चल रही है।
सुनील दत्त सिमल्टी, नायब तहसीलदार, स्याल्दे
मामला संज्ञान में है। सल्ट तहसीलदार को मौके पर जांच के लिए भेजा गया है। जांच चल रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
याक्षी अरोरा, उपजिलाधिकारी
तहसीलदार के आदेश पर मामले कि ज्ञांच के लिए गए। जहां पर स्कूल प्रबंधन समिति से बात की। प्रबंधक ने आश्वासन दिया कि प्रबंधन समिति की बैठक में लिए गये फैसले के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
पवन ध्यानी, कानूनगो, बिश्राखेत स्याल्दे