{"_id":"627ab59634494e4b3e303eda","slug":"civic-aminities-almora-news-hld4622051117","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्राथमिक स्कूल डुमना के नल में डेढ़ साल से नहीं टपकी पानी की बूंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्राथमिक स्कूल डुमना के नल में डेढ़ साल से नहीं टपकी पानी की बूंद
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राजकीय प्राथमिक स्कूल डुमना।
- फोटो : ALMORA
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भतरौंजखान (अल्मोड़ा)। राजकीय प्राथमिक स्कूल डुमना में लंबे समय से पानी की किल्लत बनी हुई है। स्कूल में पानी का कनेक्शन तो है लेकिन इसमें डेढ़ साल से पानी नहीं आ रहा है जिससे स्कूल में पेयजल संकट बना है। स्कूल में मध्यान्ह भोजन योजना (मिड-डे-मिल) का खाना बनाने के लिए एक किमी दूर से पानी ढोया जा रहा है।
प्राथमिक स्कूल डुमना में लंबे समय से पेयजल संकट से जूझ रहा है। विद्यालय का पेयजल कनेक्शन शो पीस बना हुआ है। पिछड़े डेढ़ साल से इस संयोजन में पानी की सप्लाई नहीं हुई है जिस कारण स्कूल में पेयजल संकट बना हुआ है। स्कूल में मध्यान्ह भोजन बनाने के लिए भोजन माता एक किमी दूर से पानी ढो रही है। भोजन माता को गर्मी के दिनों में भी जरूरत के मुताबिक पानी नहीं मिल रहा है। इससे दिक्कतें और अधिक बढ़ गई है। आने वाले समय में गर्मी और बढ़ेगी जिस कारण स्कूल में जल संकट गहराने के आसार हैं। गर्मी के दिनों में बच्चों को कई बार पानी नहीं मिलता है। इस वजह से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संवाद
एक मात्र शिक्षक के भरोसे हैं विद्यालय
भतरौंजखान। प्राथमिक स्कूल शिक्षा व्यवस्था की नींव होते हैं लेकिन लंबे समय से इन स्कूलों का कोई सुधलेवा नहीं है। राजकीय प्राथमिक स्कूल डुमना भी शिक्षकों की कमी से जूझ रहा है। राजकीय प्राथमिक विद्यालय डुमना एक मात्र सहायक शिक्षक के सहारे चल रहा है। एकमात्र शिक्षक के भरोसे ही कई कक्षाओं का संचालन हो रहा है जिससे शिक्षा की गुणवत्ता पर असर पड़ रहा है। वर्तमान में स्कूल में कुल 11 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। एकमात्र शिक्षक के विभागीय काम की वजह से अन्यत्र जाने पर दूसरे स्कूलों से शिक्षक भेजकर किसी तरह काम चलाया जाता है। स्कूल में प्रधानाध्यापक का पद भी लंबे समय से खाली चल रहा है। संवाद
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क्या कहते हैं अभिभावक
प्राथमिक विद्यालय डुमना में पानी की किल्लत से भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। समस्या का जल्द समाधान किया जाना चाहिए। विद्यालय में प्रधानाध्यापक का खाली पद जल्द भरा जाए ताकि शिक्षण व्यवस्था ढर्रे पर आ सके।
बालकिशन, अभिभावक भौनली
गर्मी के दिनों में बच्चों को पानी की ज्यादा जरूरत होती है लेकिन विद्यालय में पानी नही आ रहा है जिससे बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पानी की समस्या का तुरंत समाधान किया जाना चाहिए। प्रधानाध्यापक की नियुक्ति भी जल्द की जाए।
कमला देवी, अभिभावक डुमना
कई बार विद्यालय में पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती है। इसका स्थायी समाधान करना जरूरी है। विद्यालय में प्रधानाध्यापक के रिक्त पद को भरना आवश्यक है जिससे बच्चों को अच्छी शिक्षा मिल सके।
ललिता देवी, प्रधान डुमना
प्राथमिक विद्यालय डुमना की समस्या को दूर किया जाएगा। प्रधानाध्यापक के रिक्त पद की सूचना उच्च अधिकारियों को दी गई है। अभी पद खाली चल रहा है।
गोपाल सिंह असवाल, प्रभारी सीआरसी
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प्राथमिक स्कूल डुमना में लंबे समय से पेयजल संकट से जूझ रहा है। विद्यालय का पेयजल कनेक्शन शो पीस बना हुआ है। पिछड़े डेढ़ साल से इस संयोजन में पानी की सप्लाई नहीं हुई है जिस कारण स्कूल में पेयजल संकट बना हुआ है। स्कूल में मध्यान्ह भोजन बनाने के लिए भोजन माता एक किमी दूर से पानी ढो रही है। भोजन माता को गर्मी के दिनों में भी जरूरत के मुताबिक पानी नहीं मिल रहा है। इससे दिक्कतें और अधिक बढ़ गई है। आने वाले समय में गर्मी और बढ़ेगी जिस कारण स्कूल में जल संकट गहराने के आसार हैं। गर्मी के दिनों में बच्चों को कई बार पानी नहीं मिलता है। इस वजह से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संवाद
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एक मात्र शिक्षक के भरोसे हैं विद्यालय
भतरौंजखान। प्राथमिक स्कूल शिक्षा व्यवस्था की नींव होते हैं लेकिन लंबे समय से इन स्कूलों का कोई सुधलेवा नहीं है। राजकीय प्राथमिक स्कूल डुमना भी शिक्षकों की कमी से जूझ रहा है। राजकीय प्राथमिक विद्यालय डुमना एक मात्र सहायक शिक्षक के सहारे चल रहा है। एकमात्र शिक्षक के भरोसे ही कई कक्षाओं का संचालन हो रहा है जिससे शिक्षा की गुणवत्ता पर असर पड़ रहा है। वर्तमान में स्कूल में कुल 11 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। एकमात्र शिक्षक के विभागीय काम की वजह से अन्यत्र जाने पर दूसरे स्कूलों से शिक्षक भेजकर किसी तरह काम चलाया जाता है। स्कूल में प्रधानाध्यापक का पद भी लंबे समय से खाली चल रहा है। संवाद
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क्या कहते हैं अभिभावक
प्राथमिक विद्यालय डुमना में पानी की किल्लत से भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। समस्या का जल्द समाधान किया जाना चाहिए। विद्यालय में प्रधानाध्यापक का खाली पद जल्द भरा जाए ताकि शिक्षण व्यवस्था ढर्रे पर आ सके।
बालकिशन, अभिभावक भौनली
गर्मी के दिनों में बच्चों को पानी की ज्यादा जरूरत होती है लेकिन विद्यालय में पानी नही आ रहा है जिससे बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पानी की समस्या का तुरंत समाधान किया जाना चाहिए। प्रधानाध्यापक की नियुक्ति भी जल्द की जाए।
कमला देवी, अभिभावक डुमना
कई बार विद्यालय में पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती है। इसका स्थायी समाधान करना जरूरी है। विद्यालय में प्रधानाध्यापक के रिक्त पद को भरना आवश्यक है जिससे बच्चों को अच्छी शिक्षा मिल सके।
ललिता देवी, प्रधान डुमना
प्राथमिक विद्यालय डुमना की समस्या को दूर किया जाएगा। प्रधानाध्यापक के रिक्त पद की सूचना उच्च अधिकारियों को दी गई है। अभी पद खाली चल रहा है।
गोपाल सिंह असवाल, प्रभारी सीआरसी