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अशासकीय विद्यालयों में 182 पद खाली
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो/अल्मोड़ा।
Updated Tue, 27 Oct 2015 01:10 AM IST
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नया शिक्षा सत्र शुरू होने के चार माह बाद भी जिले के अशासकीय स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था ढर्रे पर नहीं आ सकी है। जिले के 31 अशासकीय स्कूलों में शिक्षकों के 182 पद काफी लंबे समय से खाली चल रहे हैं। इस कारण 8456 छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर असर पढ़ रहा है।
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जिले में 27 इंटर कालेज और चार हाईस्कूल हैं। इंटर कालेजों में प्रवक्ताओं के 216 पद सृजित हैं जबकि 44 प्रवक्ताओं के पद काफी लंबे समय से खाली चल रहे हैं।
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एलटी संवर्ग में शिक्षकों के 296 सृजित पदों के सापेक्ष 138 पद खाली चल रहे हैं। सर्वोदय इंटर कालेज जैंती में एलटी संवर्ग में सामाजिक विषय के दो, विज्ञान के दो, हिंदी, गणित, संस्कृत और समाजशास्त्र प्रवक्ता का पद खाली चल रहे हैं।
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पंडित गोविंद बल्लभ शर्मा इंटर कालेज ज्योली में एलटी में अंग्रेजी, सामाजिक विषय, हिंदी, व्यायाम, संस्कृत, विज्ञान, कृषि, हिंदी, अंग्रेजी प्रवक्ता, इंटर कालेज बासोट में एलटी में कला, अंग्रेजी, सामाजिक विषय, हिंदी, गणित, व्यायाम, संस्कृत, विज्ञान, हिंदी, संस्कृत प्रवक्ता, इंटर कालेज सिनार में एलटी में अंग्रेजी, सामाजिक विषय, हिंदी, गणित, विज्ञान, अर्थशास्त्र प्रवक्ता खाली चल रहे हैं।
इंटर कालेज देघाट में इतिहास, अर्थशास्त्र प्रवक्ता, एलटी में कला, अंग्रेजी, सामाजिक विज्ञान के चार, हिंदी, व्यायाम, विज्ञान, इंटर कालेज टिटरीगुरना में एलटी में सामाजिक विषय के शिक्षकों के पद खाली चल रहे हैं।
दुर्गम और दूरस्थ स्थानों पर स्थित स्कूलों की स्थिति तो और भी खराब है। गणित, रसायन विज्ञान, भौतिक विज्ञान, अंग्रेजी आदि महत्वपूर्ण विषयों के शिक्षक नहीं होने के कारण छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर असर पड़ रहा है।
सरकार ने हाल में कई स्कूलों का इंटर में उच्चीकरण किया, लेकिन पहले से चल रहे इंटर कालेजों की स्थिति नहीं सुधारी। इधर मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी बीएन सिंह ने बताया कि शिक्षकों के खाली पदों की सूचना शासन को भेजी गई है।