{"_id":"5bad206c867a557f5345589d","slug":"181538072684-almora-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पर्यटन की आवश्यकता और संभावनाओं पर हुई चर्चा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पर्यटन की आवश्यकता और संभावनाओं पर हुई चर्चा
Updated Thu, 27 Sep 2018 11:58 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अल्मोड़ा। विश्व पर्यटन दिवस के मौके पर एसएसजे परिसर के भूगोल विभाग में आयोजित संगोष्ठी में वक्ताओं ने पर्यटन दिवस के महत्व, आवश्यकता और संभावनाओं पर मंथन किया। विभागाध्यक्ष प्रो. जेएस रावत ने पर्यटन के विकास की संभावनाओं के लिए तकनीक के उपयोग पर प्रकाश डाला। इस दौरान उन्होंने उत्तराखंड के भौगोलिक सूचना तंत्र का एलसीडी द्वारा प्रस्तुतीकरण भी किया।
डा. ज्योति जोशी और डा. दीपक ने राज्य में पर्यटन की समस्याओं और संभावनाओं पर प्रकाश डाला। इस मौके पर उत्तराखंड में पर्यटन की संभावनाएं शीर्षक विषय पर निबंध प्रतियोगिता भी हुई। जिसमें स्नातक वर्ग में मनीषा बिष्ट ने स्नातकोत्तर वर्ग में प्रेम कुमार ने पहला स्थान प्राप्त किया। संचालन अरविंद यादव ने किया। इस दौरान एनआरडीएमएस के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. विनोद रावत, नेहा, शगुफ्ता, चेतना लोहनी, डा. नरेश पंत समेत काफी संख्या में छात्र छात्राएं मौजूद रहे।
डा. ज्योति जोशी और डा. दीपक ने राज्य में पर्यटन की समस्याओं और संभावनाओं पर प्रकाश डाला। इस मौके पर उत्तराखंड में पर्यटन की संभावनाएं शीर्षक विषय पर निबंध प्रतियोगिता भी हुई। जिसमें स्नातक वर्ग में मनीषा बिष्ट ने स्नातकोत्तर वर्ग में प्रेम कुमार ने पहला स्थान प्राप्त किया। संचालन अरविंद यादव ने किया। इस दौरान एनआरडीएमएस के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. विनोद रावत, नेहा, शगुफ्ता, चेतना लोहनी, डा. नरेश पंत समेत काफी संख्या में छात्र छात्राएं मौजूद रहे।
विज्ञापन