{"_id":"56e317604f1c1bee208b45f3","slug":"drone-cameras-will-monitor-crowded-areas","type":"story","status":"publish","title_hn":"ड्रोन कैमरे से होगी भीड़भाड़ वाले इलाकों की निगरानी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
ड्रोन कैमरे से होगी भीड़भाड़ वाले इलाकों की निगरानी
Updated Sat, 12 Mar 2016 12:37 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाहनों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए शासन ने बरेली के ट्रैफिक सिस्टम को सुधारने के लिए सोलह लाख रुपये दिए हैं। इनमें से दस लाख रुपये से ड्रोन कैमरा खरीदा जाएगा। इस कैमरे से भीड़भाड़ वाले इलाकों की निगरानी होगी। इसके अलावा नई व्यवस्था के तहत ट्रैफिक पुलिस के सिपाहियों की संख्या बढ़ेगी। ट्रैफिक इंस्पेक्टर(प्रवर्तन) की तैनाती होनी है। इसके लिए ऑफिस बनाए जाने को कंप्यूटर खरीदे जाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
बरेली में बढ़ते आटो रिक्शाओं की भीड़ से आए दिन जाम की समस्या बनी रहती है। यहां ट्रैफिक पुलिस की संख्या भी कम है। जिसकी वजह से ट्रैफिक कंट्रोल में तमाम तरह की दिक्कतें आती हैं। हाल ही मैं शासन ने ट्रैफिक पुलिस के लिए सोलह लाख रुपये दिए हैं। इसमें दस लाख रुपये का बजट ड्रोन कैमरा खरीदने के लिए आया है। बाकी छह लाख रुपये से टीआई(प्रशासन) का नया ऑफिस तैयार होगा। ट्रैफिक इंस्पेक्टर(प्रवर्तन) का यहां के लिए नया पद सृजन हुआ है। सिपाहियों का नियतन भी बढ़ा है। एसपी ट्रैफिक ओपी यादव ने बताया कि जल्द ही टीआई(प्रवर्तन) की जिले में तैनाती हो जाएगी। इसके बाद दोनों ट्रैफिक इंस्पेक्टरों का कामकाज बंट जाएगा।
विज्ञापन
बरेली में बढ़ते आटो रिक्शाओं की भीड़ से आए दिन जाम की समस्या बनी रहती है। यहां ट्रैफिक पुलिस की संख्या भी कम है। जिसकी वजह से ट्रैफिक कंट्रोल में तमाम तरह की दिक्कतें आती हैं। हाल ही मैं शासन ने ट्रैफिक पुलिस के लिए सोलह लाख रुपये दिए हैं। इसमें दस लाख रुपये का बजट ड्रोन कैमरा खरीदने के लिए आया है। बाकी छह लाख रुपये से टीआई(प्रशासन) का नया ऑफिस तैयार होगा। ट्रैफिक इंस्पेक्टर(प्रवर्तन) का यहां के लिए नया पद सृजन हुआ है। सिपाहियों का नियतन भी बढ़ा है। एसपी ट्रैफिक ओपी यादव ने बताया कि जल्द ही टीआई(प्रवर्तन) की जिले में तैनाती हो जाएगी। इसके बाद दोनों ट्रैफिक इंस्पेक्टरों का कामकाज बंट जाएगा।
विज्ञापन