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नौकायन के 22 जूनियर खिलाड़ी डोप टेस्ट में फेल, एसोसिएशन ने दी सफाई
Wed, 24 Jun 2020 02:42 AM IST
Rohit Ojha
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
Published by: Rohit Ojha
Updated Wed, 24 Jun 2020 02:42 AM IST
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डोप टेस्ट
- फोटो : social Media
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नौकायन के 22 जूनियर खिलाड़ियों के डोप परीक्षण में विफल होने के कारण शर्मिेंदगी का सामना कर रहे भारतीय नौकायन संघ (आरएफआई) ने कहा कि ऐसा ‘फूड सप्लीमेंट’ (पूरक खाद्य) के कारण हुआ होगा। आरएफआई के महासचिव एमवी श्रीराम ने कहा कि भारतीय शिविर में शामिल जूनियर खिलाड़ियों के फूड सप्लीमेंट की जांच की जाएगी। श्रीराम ने यह भी कहा कि 22 एथलीटों में से अधिकांश को सरकार की प्रमुख योजना ‘खेलो इंडिया’ से चुना गया था।
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इन सभी के परीक्षण में प्रोबेनेसिड (वसा कम करने वाला पदार्थ) पाया गया। श्रीराम ने कहा, ‘यह फूड सप्लीमेंट के कारण ऐसा हुआ होगा, जिसके परिणामस्वरूप पिछले वर्ष जुलाई में हैदराबाद में परीक्षण किए गए 32 में से 22 मामले पॉजिटिव आए। हम इससे चिंतित है। जाहिर है कि सभी निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन किया जाएगा।’
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इस साल अप्रैल में कार्यभार संभालने वाले इस अधिकारी ने कहा, ‘हम आरोपों का आकलन करेंगे और पता करेंगे कि वास्तव में क्या गलत हुआ।’ उन्होंने कहा, ‘इन 22 खिलाड़ियों में से ज्यादा खेलो इंडिया से आए है। ज्यादातर खिलाड़ी अब 18 साल से अधिक के हो गए हैं। हम हर चीज का विश्लेषण कर रहे हैं। कौन से सप्लीमेंट लिए गए, किस कोच ने उन्हें सिफारिश की थी।’
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श्रीराम ने यह भी कहा कि सभी रोवर्स (नौका चालक खिलाड़ी) ने कोविड-19 महामारी से संबंधित यात्रा प्रतिबंधों के कारण दोहा की यात्रा करने में असमर्थता के कारण अपने ‘बी’ नमूनों के परीक्षण नहीं करवाने का फैसला किया।