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एशियन गेम्स 2026 का आगाज आज: 501 भारतीय एथलीट लगाएंगे जोर; क्या टूटेगा 64 साल का इंतजार? टॉप-तीन का है लक्ष्य
Sat, 19 Sep 2026 08:44 AM IST
स्वप्निल शशांक
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Sat, 19 Sep 2026 08:44 AM IST
सार
एशियन गेम्स 2026 का औपचारिक उद्घाटन शनिवार को होगा। जापान के आइची-नागोया में होने वाले 20वें एशियाड में भारत 501 एथलीटों के साथ 36 खेलों में उतरेगा। हांगझोउ में 107 पदक जीतने वाला भारत इस बार 64 साल बाद पदक तालिका में शीर्ष-तीन में जगह बनाने की कोशिश करेगा।
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एशियन गेम्स 2026 के लिए भारत तैयार
- फोटो : ANI
विस्तार
साल 1951 में दिल्ली में शुरू एशियन गेम्स का सफर 75वें साल में जापान के आइची-नागोया तक पहुंच गया है। एशियन गेम्स 2026 की परीक्षा का बिगुल भले ही कई खेलों में बृहस्पतिवार को ही बज चुका हो, लेकिन औपचारिक शुरुआत शनिवार को उद्घाटन समारोह से होगी। ठहरने से लेकर कई अन्य अव्यवस्थाओं को पीछे छोड़कर हर देश का ध्यान अगले 16 दिन तक पदक पर ही रहेगा। एशियाड में 45 देशों के 11,000 खिलाड़ियों की मौजूदगी और 43 खेलों में स्पर्धा इसे ओलंपिक खेलों से भी बड़ा आयोजन बना देती है।
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भारत भी 20वें एशियन गेम्स में 501 एथलीटों के विशाल दल के बूते पर 36 खेलों में भाग लेकर इतिहास रचने उतरेगा। उसके सामने सबसे बड़ी चुनौती करीब 64 साल से पदक तालिका के शीर्ष-तीन से बाहर रहने की कसक को खत्म करने की होगी। भारत के 501 एथलीटों के दल में 47% महिलाएं हैं, जिनकी संख्या 234 है। 36 खेलों में भारतीय एथलीट हिस्सा ले रहे हैं, सात खेलों में कोई भारतीय नहीं।
पहले नंबर पर मौजूद चीन (1982 से लगातार नंबर-1) को भले ही पीछे नहीं छोड़ सके, पर हांगझोउ 2023 के जापान (नंबर-2) व दक्षिण कोरिया (नंबर-3) को पछाड़ना होगा। इसके लिए भारत को ज्यादा स्वर्ण पदक जीतने होंगे। भारत ने हांगझोउ में रिकॉर्ड 107 पदक (28 स्वर्ण, 38 रजत, 41 कांस्य) जीते थे और चौथे नंबर पर रहा। अब उसके 269 पुरुष व 234 महिला एथलीट इस आंकड़े को आगे बढ़ाने के लिए तैयार हैं ताकि ओलंपिक खेल 2036 की मेजबानी का दावा और ज्यादा पुख्ता तरीके से ठोका जा सके।
पहले नंबर पर मौजूद चीन (1982 से लगातार नंबर-1) को भले ही पीछे नहीं छोड़ सके, पर हांगझोउ 2023 के जापान (नंबर-2) व दक्षिण कोरिया (नंबर-3) को पछाड़ना होगा। इसके लिए भारत को ज्यादा स्वर्ण पदक जीतने होंगे। भारत ने हांगझोउ में रिकॉर्ड 107 पदक (28 स्वर्ण, 38 रजत, 41 कांस्य) जीते थे और चौथे नंबर पर रहा। अब उसके 269 पुरुष व 234 महिला एथलीट इस आंकड़े को आगे बढ़ाने के लिए तैयार हैं ताकि ओलंपिक खेल 2036 की मेजबानी का दावा और ज्यादा पुख्ता तरीके से ठोका जा सके।
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एशियन गेम्स 2026: अहम आंकड़े
- सात खेलों में ओलंपिक दांव: तीरंदाजी, हॉकी, सेलिंग, स्क्वैश, सर्फिंग, टेनिस और ट्रायथलॉन में एशियाई खेल 2026, एलए ओलंपिक 2028 के क्वालिफिकेशन टूर्नामेंट भी हैं। इन खेलों में प्रदर्शन के आधार पर ओलंपिक कोटा हासिल किया जा सकता है।
- 75 साल: 1951 में पहले एशियाई खेलों के आयोजन के बाद इस साल एशियाड के सफर के 75 साल पूरे हो रहे हैं।
- 16 दिन: एशियाई खेल 19 सितंबर से चार अक्तूबर तक चलेंगे।
- 3 बार जापान मेजबान: जापान इससे पहले 1958 में टोक्यो और 1994 में हिरोशिमा में एशियाई खेलों की मेजबानी कर चुका है। 2026 में तीसरी बार मेजबान है।
- 469 मेडल इवेंट: 43 खेलों के 71 डिसिप्लिन में कुल 469 मेडल इवेंट होंगे।
- 1,407 पदक: इन 469 मेडल इवेंट में कुल 1,407 पदकों के लिए मुकाबला होगा।
- 45 देश: 20वें एशियाई खेलों में 45 देशों के खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं।
- 11,000+ एथलीट: 45 देशों के 11 हजार से ज्यादा एथलीट जापान पहुंच चुके हैं।
- 10,200 वॉलंटियर: एशियाई खेलों के आयोजन में करीब 10,200 वॉलंटियर लगाए गए हैं।
अकेले नागोया में नहीं खेल
भले ही एशियाई खेलों का आयोजक जापान के आइची राज्य का नागोया शहर है, लेकिन इस खेल महाकुंभ के लिए पूरा जापान ही स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स बन गया है। नागोया के अलावा राजधानी टोक्यो और ओसाका समेत कई अन्य शहरों में भी एशियाड की प्रतियोगिताएं आयोजित हो रही हैं।
एक भारतीय टीम और दो पीढ़ियां
भले ही एशियाई खेलों का आयोजक जापान के आइची राज्य का नागोया शहर है, लेकिन इस खेल महाकुंभ के लिए पूरा जापान ही स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स बन गया है। नागोया के अलावा राजधानी टोक्यो और ओसाका समेत कई अन्य शहरों में भी एशियाड की प्रतियोगिताएं आयोजित हो रही हैं।
एक भारतीय टीम और दो पीढ़ियां
- दिग्गजों पर निर्भरता: पीवी सिंधु, मीराबाई चानू, लवलीना बोरगोहेन, तजिंदरपाल सिंह तूर, ज्योति सुरेखा वेन्नम, मनु भाकर।
- नई पीढ़ी के चेहरे: साक्षी चौधरी, सुजीत कलकल, अनाहत सिंह, प्रीतिका प्रदीप, वैभव सूर्यवंशी, सुरुचि फोगाट, आयुष शेट्टी, रोहित यादव।
- चेस बाहर, एमएमए अंदर: पहली बार शामिल खेलों में एमएमए फाइटिंग, पैडल सर्किंग, वर्चुअल ताइक्वांडो, टेकबॉल शामिल हैं। ये भी हैं आकर्षण-ब्रेकिंग, ई-स्पोर्ट्स।