विज्ञापन

सीख: मेहनत का कोई विकल्प नहीं होता, इससे पीछे नहीं हटना चाहिए

संपादकीय डेस्क, अमर उजाला Updated Mon, 13 Aug 2018 03:25 PM IST
There are no substitute for hard work, Should not retreat
विज्ञापन
ख़बर सुनें
प्रोफेसर कार्णिक की कहानी, जिन्होंने बड़ी आसानी से तीन आलसी छात्रों का झूठ पकड़ लिया।
विज्ञापन
प्रोफेसर कार्णिक वनस्पति विज्ञान के प्राध्यापक थे। एक बार उनकी क्लास में कुछ कामचोर विद्यार्थी आ गए। प्रोफेसर ने आते ही सभी विद्यार्थियों को कॉलेज कैंपस में स्थित एक पेड़ के बारे में सारी जानकारी इकट्ठा करके लाने को कहा। तीन कामचोर विद्यार्थियों ने सोचा, हमारे दोस्त तो जा ही रहे हैं, हम इसमें अपना समय क्यों बर्बाद करें? दोस्तों से पूछ लेंगे। अगले दिन जब वे क्लास पहुंचे, तो प्रोफेसर ने पूछा, आप सब कल पेड़ देखने तो गए ही होंगे।

तो आप में से कितने लोग मानते हैं कि वह पेड़ 200 वर्ष से अधिक पुराना होगा? उन तीन छात्रों को लगा, इतना विशाल पेड़ है, कम से कम तीन सौ साल पुराना तो होगा ही। तीनों ने हाथ खड़े कर दिए। प्रोफेसर ने उन्हें एक कहानी सुनाई, एक बार एक राजा ने यह पता लगाने का फैसला किया कि उसके राज्य में कितने लोग मेहनत करते हैं और कितने लोग सिर्फ बातों से ही काम चलाते हैं। राजा ने एक सड़क के बीचोबीच एक बड़ा-सा पत्थर रखवा दिया और खुद पीछे कहीं जाकर छिप गया। पहले वहां से कुछ जमींदार गुजरे। उन्होंने पत्थर को देखा और बगल से निकल गए। फिर दरबार के कुछ अधिकारी, मंत्री, सैनिक, और ग्रामीणों ने भी पत्थर को नजरंदाज कर दिया।

फिर वहां से एक गरीब धोबी गुजरा। उसकी पीठ पर कपड़ों का बोझ था, पर वह रुक गया। उसने कपड़े किनारे रखे और पत्थर को धकेलने लगा। काफी कोशिशों के बाद उसने पत्थर को मार्ग से हटा दिया। पत्थर के नीचे उसे एक पोटली मिली, जिसमें सोने की गिन्नियां थीं। धोबी बहुत खुश हुआ। यानी जो मेहनत करता है, उसे उसका फल जरूर मिलता है। कल जब बाकी सारे विद्यार्थी उस पेड़ के पास पहुंचे, तो उन्हें यह पता चल गया था कि वह पेड़ दस साल से अधिक पुराना नहीं है। आप तीनों का झूठ पकड़ा गया।

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all spirituality news in Hindi related to religion, festivals, yoga, wellness etc. Stay updated with us for all breaking news from fashion and more Hindi News.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Wellness

सीख: ईमानदारी का पालन सबसे पहले खुद के स्तर पर होना चाहिए, पढ़ें रोचक कहानी

रहीम चाचा की कहानी, जिन्होंने खरोंच लगी मूर्ति खंबाटा जी को न देकर ईमानदारी का उदाहरण पेश किया

11 नवंबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

... इसलिए शुगर पीड़ित लोगों को दिया जाता है इंसुलिन

डायबिटीज के रोगियों को हर बार खाने से पहले इंसुलिन का इंजेक्शन लेना पड़ता है। लेकिन क्यों सिर्फ इंसुलिन ही शुगर के रोगियों के लिए महत्वपूर्ण होती है।

7 अगस्त 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree