Maa Saraswati: दिन के इस समय सबसे ज्यादा जुबान पर बैठती हैं देवी सरस्वती, पूरी होती हैं इच्छाएं
हिंदू मान्यताओं के अनुसार मां सरस्वती को ज्ञान और विद्या की देवी के रूप में पूजा जाता है। मां सरस्वती की कृपा होने पर व्यक्ति बहुत बड़ा ज्ञानी और विद्वान बनता है।
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हिंदू धर्म में मां लक्ष्मी, मां पार्वती और मां सरस्वती को तीन प्रमुख देवियों के रूप में पूजा जाता है। इन तीनों देवियों में मां लक्ष्मी को धन की देवी और माता सरस्वती को विद्या की देवी रूप में जाना जाता है। अक्सर अपने दूसरे लोगों से यह सुनने आए होंगे कि मां लक्ष्मी की कृपा से घर में धन-दौलत की कोई कमी नहीं है और जुबान पर मां सरस्वती आकर बैठ गई हैं। जुबान पर मां सरस्वती बैठने से मतलब होता है जो भी बात उस समय जुबान से निकलती है वह एकदम सच साबित होती है। इसलिए हमेशा ही अच्छी और सच्ची ही बात बोलना चाहिए क्योंकि क्या पता कब जुबान पर मां सरस्वती विराजमान हो जाएं। धर्म शास्त्रों के अनुसार ऐसा माना जाता है कि दिन के 24 घंटे में एक बार मां सरस्वती हर एक व्यक्ति के जुबान पर जरूर आकर बैठती हैं। ऐसे में जिस दौरान मां सरस्वती जुबान पर आकर बैठती है उसकी हर एक बात सच हो जाती है। वहीं दूसरी तरफ यह भी आपने अक्सर लोगों से सुनते आएं होंगे कि उसकी काली जुबान है क्योंकि ऐसे व्यक्ति की ज्यादातर बातें सच हो जाती हैं।
जुबान पर कब-कब बैठती हैं मां सरस्वती
शास्त्रों में दिन के हिस्सों को शुभ और अशुभ की श्रेणी में बांटा जाता है। हिंदू धर्म में सुबह 3 बजे के बाद को ब्रहम मुहूर्त कहा जाता है। इस समय से नए दिन की शुरुआत मानी जाती है। सुबह 3 बजकर 10 मिनटे से लेकर 3 बजकर 15 मिनट का समय सबसे शुभ समय होता है। ऐसे में इस समय के अवधि के बीच में अगर मन में अच्छी बात बोली जाए या फिर मन में लाई जाए तो वह जरूर पूरी होती है। इसके लिए अलावा सुबह 3 बजकर 20 मिनट से 3 बजकर 40 मिनट के बीच मां सरस्वती के जुबान पर बैठने का सबसे सही समय होता है। ऐसे में इस दौरान बोली गई कोई भी बात जरूर सच होती है।
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