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Rajasthan: जैसलमेर में करीब 100 भेड़-बकरियों की मौत, फैली बीमारी की नहीं मिल रही वैक्सीन, पशुपालक परेशान
Thu, 12 Jan 2023 02:41 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जैसलमेर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जैसलमेर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Thu, 12 Jan 2023 02:41 PM IST
सार
राजस्थान के जैसलमेर जिले में करीब 100 भेड़ बकरियों की मौत हो चुकी है। भेड़ बकरियों की मौत से पशुपालक काफी परेशान हैं। जानवरों में फैली बीमारी की अभी तक वैक्सीन नहीं मिल पाई है।
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भेड़-बकरियों में फैली बीमारी
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
जैसलमेर के बासनपीर जूनी गांव में भेड़-बकरियों में बीमारी चल रही है। इस बीमारी के कारण पिछले एक महीने में अब तक लगभग 100 भेड़-बकरियां मर चुकी हैं। गांव के पशुपालक परेशान हैं और पशुपालन विभाग पर आरोप लगा रहे हैं कि वे पशुओं को दवाई उपलब्ध नहीं करवा रहे हैं। पशुपालन विभाग का कहना है, इस बीमारी की वैक्सीन अभी तक आई नहीं है। जैसे ही उपलब्ध होगी, हम वैक्सीन लगा देंगे। वहीं, पशुपालकों का कहना है कि हम बिना दवाई के अपने पशुओं को दर्दनाक मौत से मरते हुए देख रहे हैं।
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बासनपीर गांव के तालब खान ने बताया कि उनके पास 150 के करीब भेड़े हैं, जिनमें से 38 भेड़ों की मौत हो गई है, वहीं 15 बीमार हैं। इसी तरह इलम दीन, मूसे खान और मिश्री खान जैसे पशुपालक हैं। उनकी भी भेड़ों की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि गांव में 100 से भी ज्यादा भेड़ों की मौत हो चुकी है। वे पशुपालन विभाग भी गए, मगर वहां से उनको निराशा हाथ लगी।
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उन्होंने बताया कि पिछले एक महीने से भेड़-बकरियों में अजीब सी बीमारी फैली है। भेड़ बकरियां लगातार मर रही हैं। न चारा खाती हैं और न ही पानी पी रही हैं। तरडिया नामक देसी नाम वाली इस बीमारी में पशुओं को अपनी जान से हाथ धोना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि पशुपालक चिंतित हैं और पशुपालन विभाग में इस बीमारी को लेकर न तो कोई दवाई मौजूद है और न ही वैक्सीन। पशुपालक बहुत चिंतित हैं, क्योंकि पशुपालन ही इनकी आजीविका का साधन है। पशु अगर मरते रहे तो परिवार का पालन पोषण कैसे करेंगे।
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डॉक्टर का क्या कहना है...
पशुपालन विभाग जैसलमेर के जॉइंट डायरेक्टर डॉ अशोक सुथार ने बताया कि बीमारी की जानकारी मिलते हमने मेडिकल टीम को बता दिया है। ये बीमारी भेड़-बकरियों में सर्दियों में होती है। ज्यादा सर्दी कि वजह से पशुओं में सर्दी, जुकाम आदि की शिकायत से बीमारी होती है। वैक्सीन लग जाने से पशुओं की जान नहीं जाती। उन्होंने बताया कि इस बार इस बीमारी के वैक्सीन आए ही नहीं हैं। जैसे ही वैक्सीन आएंगे हम पशुओं में लगा देंगे।