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राजस्थान: आयुष ऑफिसर संविदा भर्ती पर हाईकोर्ट की रोक, 1340 पदों की चयन प्रक्रिया पर उठे सवाल

Mon, 19 Oct 2026 07:50 PM IST
Sourabh Bhatt न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: Sourabh Bhatt Updated Mon, 19 Oct 2026 07:50 PM IST
सार

राजस्थान हाईकोर्ट ने आयुष ऑफिसर संविदा भर्ती-2025 के तहत 1340 पदों की चयन प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगा दी है। डॉ. ज्योति जांगिड़ की याचिका में आयुर्वेद, होम्योपैथी और यूनानी पद्धति के डॉक्टरों की संयुक्त मेरिट लिस्ट बनाने पर आपत्ति जताई गई।

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Rajasthan High Court Stays AYUSH Officer Recruitment 2025 Over Common Merit List Dispute
राजस्थान हाईकोर्ट - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

राजस्थान हाईकोर्ट ने आयुष ऑफिसर संविदा भर्ती-2025 की प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगा दी है। जस्टिस अनूप ढंढ की अदालत ने डॉ. ज्योति जांगिड़ की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। भर्ती में आयुर्वेद, होम्योपैथी और यूनानी चिकित्सा पद्धति के डॉक्टरों के 1340 पदों पर चयन किया जाना है।
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याचिका में राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से तीनों चिकित्सा पद्धतियों के अभ्यर्थियों की एक ही कॉमन जनरल मेरिट लिस्ट तैयार करने पर आपत्ति जताई गई है। याचिकाकर्ता का कहना है कि तीनों पद्धतियों के लिए अलग-अलग परीक्षाएं होती हैं और प्रश्नपत्रों का कठिनाई स्तर भी अलग हो सकता है। ऐसे में संयुक्त मेरिट लिस्ट तैयार करने से यह स्पष्ट नहीं हो पाएगा कि किस पद्धति के कितने पद हैं और उनके लिए कितने आवेदन आए हैं।
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एक्सपर्ट की रिपोर्ट को नजरअंदाज करने का आरोप

याचिकाकर्ता के अधिवक्ता अश्विनी जैमन ने अदालत को बताया कि तीनों चिकित्सा पद्धतियों के अभ्यर्थियों की एक ही मेरिट लिस्ट बनाने के विरोध में विशेषज्ञों की रिपोर्ट भी पेश की गई थी। रिपोर्ट में संयुक्त मेरिट लिस्ट बनाने को उचित नहीं बताया गया था। इसके बावजूद कर्मचारी चयन बोर्ड इसी आधार पर मेरिट लिस्ट तैयार कर रहा है।

याचिका में यह भी तर्क दिया गया कि आयुर्वेद पद्धति की परीक्षा का कठिनाई स्तर अधिक होने के कारण संयुक्त मेरिट लिस्ट में इस पद्धति के अभ्यर्थियों को नुकसान हो सकता है। याचिकाकर्ता ने तीनों चिकित्सा पद्धतियों के लिए अलग-अलग मेरिट लिस्ट तैयार कर नियुक्तियां देने की मांग की है। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के बाद भर्ती प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगा दी।
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