फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Mohali News ›   mohali politics, Kulwant singh ascended to return sad.

कुलवंत की वापसी को लेकर शहर का सियासी पारा चढ़ा

Thu, 07 Jul 2016 09:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, मोहाली
अमर उजाला ब्यूरो, मोहाली Updated Thu, 07 Jul 2016 09:42 AM IST
विज्ञापन
mohali politics, Kulwant singh ascended to return sad.
कुलवंत सिंह मेयर मोहाली - फोटो : अमर उजाला
 मेयर कुलवंत सिंह की अकाली दल में वापसी को लेकर शहर का सियासत एक बार फिर गरमा गई है। शहर के विकास को लेकर कुलवंत सिंह अपने पूरे आजाद ग्रुप के साथ अकाली दल जल्द ज्वाइन कर सकते हैं। कयास यह भी लगाए जा रहे हैं कि कुलवंत के साथ मोहाली के सीनियर डिप्टी मेयर ऋषभ जैन और दो अन्य कांग्रेसी पार्षद भी  अपने पुराने दल से किनारा कर सकते हैं। शहर में बुधवार को पूरे दिन इन नेताओं के पाला बदलने की सुगबुगाहट रही। वहीं जब ऋषभ जैन से संपर्क किया गया तो उन्होंने इस संबंध में सभी अफवाहों को खारिज कर दिया।
विज्ञापन


दूसरी और कुलवंत सिंह की वापसी को लेकर शहर के अकाली-भाजपा पार्षदों में भी असमंजस की स्थिति है। सूत्रों के मुताबिक, बुधवार शाम को पार्षद अरुण शर्मा के आवास पर अकाली-भाजपा पार्षदों की आपात बैठक हुई। इसमें कुलवंत सिंह की अकाली दल में वापसी का मुद्दा छाया रहा। पता चला है कि अकाली-भाजपा के पार्षदों का एक धड़ा मेयर के घर वापसी के पक्ष में नहीं है।
विज्ञापन


जिक्रयोग है कि मोहाली के हलका इंचार्ज को पिछले दिनों बदला दिया गया था। फिलहाल हलका इंचार्ज का पद खाली है। इस पद पर आने के लिए कई नए पुराने नेता और पार्षद सरगर्म हैं, जबकि एक अहम बैठक कर भाजपा भी इस पद पर अपना दावा ठोक चुकी है। ऐसे में कुलवंत सिंह के खाते में हलका इंचार्ज का पद चला जाना उन लोगों के सपनों पर कुठाराघात होगा, जो इस पद के लिए ताल ठोक रहे थे।  
विज्ञापन
विज्ञापन


अकाली दल छोड़ कर बने थे मेयर
नगर काउंसिल के प्रधान रह चुके कुलवंत सिंह ने डेढ़ साल पहले मोहाली नगर निगम के चुनाव में अकाली दल से नाता तोड़कर अपना आजाद ग्रुप बनाकर चुनाव लड़े थे। वह पार्षद चुने गए थे और इसके बाद कांग्रेस के साथ मिलकर शहर के पहले मेयर बनने में सफल हुए थे। उनका राजनीतिक कॅरियर काफी उतार चढ़ाव वाला रहा। क्योंकि पार्षद का चुनाव लड़ने से पहले वह फतेहगढ़ साहेब से अकाली दल की टिकट लोकसभा का चुनाव भी लड़ चुके हैं।

इस बार लोकल उम्मीदवार होगा
अब तक विधानसभा चुनाव में अकाली दल बाहरी उम्मीदवार मैदान में उतारता रहा है। हर बार उनको हार का सामना करना पड़ा है। वहीं, कुलवंत सिंह मोहाली के लोकल नेता हैं। राजनीतिक खेमों में चर्चा है कि अकाली दल इस बार लोकल चेहरे पर दाव खेल सकती है।

परमजीत कौर लांडरां भी बन सकती हैं हलका इंचार्ज
अगर कुलवंत सिंह अकाली दल में वापसी करते है तो हलका इंचार्ज का पद उनको या उनके गुट की पंजाब महिला आयोग की चेयरपर्सन परमजीत कौर लांडरां को दिया जा सकता है। क्योंकि लांडरां पंजाब के सीपीएस एनके शर्मा और कुलवंत सिंह के बेहद नजदीकी हैं और इलाके की सबसे पुरानी अकाली नेता हैं।


कई पार्षद हलका इंचार्ज की दौड़ में
सूत्रों के मुुताबिक शहर के कई पुराने अकाली नेता और पार्षद भी हलका इंचार्ज के लिए जोर लगा रहे हैं। इनमें मार्केट कमेटी के चेयरमैन बलजीत सिंह कुंभड़ा, पार्षद व स्त्री अकाली दल की जिला प्रधान कुलदीप कौर कंग, एमडी  लैबरफेड व पार्षद परविंदर सोहाना, अकाली दल के शहरी प्रधान परमजीत सिंह काहलों समेत कई ऐसा नेता हैं जो कि इस पद के लिए दौड़ में है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed