Fact Check in Hindi: आज का दौर सोशल मीडिया का है और इसमें कोई भी छोटी से छोटी चीज बेहद ही तेजी से देश-विदेश तक फैल जाती है। उदाहरण के लिए अगर किसी दूर-दराज गांव की भी कोई खबर है, तो उसे फैलने में समय नहीं लगता और ये सब होता है सोशल मीडिया के कारण। लेकिन इसमें दिक्कत तब आती है, जब गलत और भ्रामक खबरें भी बिना किसी जांच परख के फैलने लगती है। इसलिए बेहद जरूरी हो जाता है कि इन खबरों की तह तक जाकर इनकी सच्चाई का पता लगाया जाए। इसी कड़ी में एक मैसेज काफी तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वोट न डालने पर बैंक से पैसे कटने जैसी बात कही गई है। तो चलिए जानते हैं कि आखिर इस मैसेज में कितनी सच्चाई है। आप अगली स्लाइड्स में इसके बारे में जान सकते हैं...
Fact Check: अगर आपने भी नहीं दिया वोट तो क्या बैंक खाते से कट जाएंगे पैसे? जानें सच्चाई
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क्या है दावा?
- दरअसल, सोशल मीडिया पर अखबार की एक कटिंग वायरल हो रही है, जिसमें कहा गया है कि अगर वोट नहीं दिया तो बैंक खाते से पैसे कटेंगे। वायरल मैसेज में लिखा है कि 'नहीं दिया वोट, तो बैंक अकाउंट से कटेंगे 350 रुपये: आयोग। चुनाव आयोग ने कोर्ट से पहले ही ले ली मंजूरी।'
- मैसेज में ये भी लिखा है कि 'लोकसभा चुनाव में इस बार वोट नहीं डालना महंगा पड़ जाएगा। चुनाव आयोग ने मतदान से बचने वालों पर शिकंजा कसने के लिए ये नया आदेश जारी किया है।' इसके अलावा मैसेज में बोल्ड अक्षरों में ये भी बात लिखी है कि 'अकाउंट नहीं है, तो मोबाइल रिचार्ज से कटेगा पैसा।' मतलब जिन लोगों का बैंक खाता नहीं है, उनके मोबाइल रिचार्ज से पैसा कटेगा।
सच्चाई जान लीजिए
- वोट न डालने पर बैंक से 350 रुपये कटने वाला मैसेज जो वायरल हो रहा है। ये पूरी तरह से फर्जी है। न तो कोर्ट ने ऐसा कोई मंजूरी दी है और न ही चुनाव आयोग या सरकार की तरफ से ऐसा कोई कदम उठाया गया है।
- पीआईबी ने इस दावे की पड़ताल करते हुए ये साफ किया कि चुनाव आयोग की तरफ से ऐसा कोई फैसला नहीं लिया गया है। साथ ही पीआईबी की तरफ से ये भी कहा गया है कि लोग ऐसी भ्रामक खबरों को शेयर न करें।
दावा: लोकसभा चुनाव में जो मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं करेंगे, चुनाव आयोग द्वारा उनके बैंक खातों से ₹350 काट लिए जाएंगे।#PIBFactCheck
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) September 16, 2022
➡️यह दावा फर्जी है।
➡️@ECISVEEP द्वारा ऐसा कोई निर्णय नहीं लिया गया है।
➡️ऐसी भ्रामक खबरों को शेयर न करें।
🔗https://t.co/ceQFBot8Sq pic.twitter.com/iTzAyRrxsL
फर्जी है ये मैसेज -चुनाव आयोग
- चुनाव आयोग के स्पोकपर्सन के ट्विटर हैंडल से ट्वीट करते हुए लिखा कि 'हमारे संज्ञान में आया है कि निम्नलिखित फर्जी खबरें कुछ व्हाट्सएप ग्रुप और सोशल मीडिया पर फिर से शेयर की जा रही है।' साल 2019 में भी इस तरह की फर्जी खबरें वायरल हुई थी।
#FakeNewsAlert
— Spokesperson ECI (@SpokespersonECI) November 29, 2021
It has come to our notice that the following fake news is again being circulated in some whats app groups and social media. @PIBFactCheck https://t.co/FEtIhgzJ7N pic.twitter.com/UVPpoDqOHh