फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

चाणक्य नीति: जननी के अलावा हर व्यक्ति के जीवन में होती हैं चार मां समान स्त्रियां, सदैव करें सम्मान

Sat, 22 May 2021 08:36 AM IST
Shashi Shashi धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला Published by: Shashi Shashi Updated Sat, 22 May 2021 08:36 AM IST
विज्ञापन
These four women are like a mother they should always be respected
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि किसी भी स्त्री का अपमान करना या पर स्त्री पर बुरी नजर रखना घोर पाप के समान होता है, इसलिए हर व्यक्ति को स्त्रियों का सम्मान करना चाहिए। स्त्री से ही व्यक्ति को इस दुनिया में लेकर आती है। हर व्यक्ति के जीवन में जन्म देने वाली मां का स्थान सबसे ऊपर होता है क्योंकि मां अपने बच्चे की खुशी और सुरक्षा के लिए कुछ भी न्यौछावर करने को तैयार रहती है लेकिन मां के अलावा भी एक व्यक्ति के जीवन में चार ऐसी स्त्रियां होती हैं जो उसकी मां समान होती हैं। व्यक्ति को कभी भूलकर भी इनका अपमान नहीं करना चाहिए।

These four women are like a mother they should always be respected
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
राजपत्नी गुरोः पत्नी मित्र पत्नी तथैव च

पत्नी माता स्वमाता च पञ्चैता मातरः स्मृता

राजा की पत्नी

आचार्य चाणक्य के अनुसार राजा ही अपनी प्रजा का पालनकर्ता होती है। वह अपनी प्रजा की भलाई के लिए हर एक कार्य करता है। यही कारण है कि राजा को पिता के समान दर्जा दिया जाता है। राजा की पत्नी को सदैव मां के समान आदर देना चाहिए।

These four women are like a mother they should always be respected
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
गुरु की पत्नी

सबसे पहली गुरू एक बच्चे के जीवन में उसकी मां होती है लेकिन एक समय के बाद गुरु ही वह व्यक्ति होता है जो व्यक्ति के जीवन के सही राह दिखाता है और जीवन जीने का सही तरीका सिखाता है। गुरू का स्थान श्रेष्ठ माना गया है, गुरू को पिता के समान दर्जा दिया जाता है। गुरु की पत्नी का सदैव मां के समान आदर सम्मान करना चाहिए।

विज्ञापन
विज्ञापन
These four women are like a mother they should always be respected
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
मित्र की पत्नी

मित्र या फिर बड़े भाई की पत्नी यानी भाभी को मां के समान दर्जा दिया गया है। इसलिए मित्र या भाई की पत्नी को सदैव मां के समान आदर सम्मान देना चाहिए। कभी भी उस पर गलत नजर नहीं रखना चाहिए।

विज्ञापन
These four women are like a mother they should always be respected
आचार्य चाणक्य - फोटो : Social media
पत्नी की मां

पत्नी आपके जीवन में आकर अपने सुखों का त्याग करके भी आपको सुख प्रदान करती है। इसलिए जिस प्रकार आपकी मां का स्थान होता है उसी प्रकार पत्नी की मां का भी सम्मान करना चाहिए। इसी तरह से पत्नी को भी अपने पति की मां को वही प्यार और सम्मान देना चाहिए जो अपनी मां को देती है।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स, परामनोविज्ञान समाचार, स्वास्थ्य संबंधी योग समाचार, सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed