{"_id":"6310dba015fdf214a911dbcd","slug":"movement-continues-to-save-land-of-indore-agricultural-college","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Indore Agriculture College: कॉलेज की जमीन बचाने का आंदोलन, तालाबंदी के बाद अब भैंस के आगे बीन बजाकर किया विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Indore Agriculture College: कॉलेज की जमीन बचाने का आंदोलन, तालाबंदी के बाद अब भैंस के आगे बीन बजाकर किया विरोध
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Thu, 01 Sep 2022 09:49 PM IST
सार
Indore Agriculture College: कॉलेज की जमीन बचाने का आंदोलन, तालाबंदी के बाद अब भैंस के आगे बीन बजाकर किया विरोध Movement continues to save land of Indore Agricultural College
विज्ञापन
1 of 3
छात्रों ने भैंस के आगे बीन बजाकर विरोध जताया।
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
इंदौर कृषि महाविद्यालय की जमीन बचाने के लिए छात्रों का आंदोलन जारी है। नए-नए तरीके से विरोध किया जा रहा है। मंगलवार से कॉलेज में तालाबंदी जारी है। गुरुवार को भैंस के आगे बीन बजाकर विरोध प्रदर्शन किया गया। आंदोलन कारियों का कहना है कि जिस प्रकार भैंस के आगे बीन बजाने का कोई फायदा नहीं होता, वैसे ही हमारे विरोध की आवाज भी किसी को सुनाई नहीं दे रही है।
बता दें कि मंगलवार को छात्रों ने कॉलेज में तालाबंदी कर दी है। उनका कहना है कि जब तक लिखित आश्वासन नहीं मिल जाता, हम तालाबंदी जारी रखेंगे। तालाबंदी की वजह से गुरुवार को होने वाले प्रेक्टिकल एग्जाम भी नहीं हो सके हैं। वहीं गुरुवार को छात्रों ने भैंस के आगे बीन बजाकर विरोध किया।
2 of 3
इंदौर के कृषि महाविद्यालय की बेशकीमती जमीन को लेकर विवाद गहराता जा रहा है।
- फोटो : सोशल मीडिया
एग्री अंकुरण वेलफेयर एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राधे जाट ने कहा कि राज्य सरकार की हालत भैंस के आगे बीन बजाने जैसी है। सरकार के मुखिया अपनी बात पर ही नहीं टिके हुए हैं, जो कि शर्मनाक है। आंदोलन कर रहे छात्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री के सारे अधिकारी बेलगाम हो गए हैं। शिवराज सिंह एक तरफ तो कहते हैं कि कॉलेज की जमीन नहीं जाएगी, दूसरी तरफ उनके अधिकारी उनके बयान के विपरीत जाकर कार्य कर रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि जिला प्रशासन बलपूर्वक एग्रीकल्चर कॉलेज की जमीन हड़पने की कोशिश करने लगा है।
3 of 3
मंगलवार से विद्यार्थियों ने कॉलेज में तालाबंदी कर रखी है।
- फोटो : सोशल मीडिया
बता दें कि कृषि कॉलेज की जमीन शासन द्वारा स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत सिटी फॉरेस्ट के लिए ली जाने की जानकारी लगने के बाद विद्यार्थियों ने आंदोलन चला रखा है। शासन कॉलेज कहीं और शिफ्ट कर यहां ऑक्सीजन जोन बनाना चाहता है। कॉलेज प्रबंधन से जमीन से जुड़ी जानकारी शासन ने मांग ली है। तब से छात्रों ने विरोध शुरू कर दिया है। उनका कहना है कि करीब 100 साल से यहां कृषि से जुड़े शोध होते आ रहे हैं। एक तरफ इसे यूनिवर्सिटी बनाने की बात हो रही थी, वहीं अब हमसे हमारी जमीन भी छीनी जा रही है। छात्रों के आंदोलन को कई नेता भी समर्थन दे चुके हैं। नर्मदा बचाओ आंदोलन की मेधा पाटकर, किसान नेता योगेंद्र यादव भी साथ देने की बात कर चुके हैं। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने मामले में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र भी लिखा था।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।