अच्छी सेहत के लिए पौष्टिक आहार और स्वस्थ जीवनशैली का पालन करना सबसे आवश्यक माना जात है। आप क्या खाते-पीते हैं, किस तरह की जीवनशैली है इसका सेहत पर सीधा असर होता है। क्या आप जानते हैं कि अगर आपके आहार में किसी प्रकार की गड़बड़ी है तो इसके कारण आप कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का भी शिकार हो सकते हैं?
Health Alert: अगर आप भी रोज खाते हैं ये चीजें तो हो जाइए सावधान, गैस्ट्रोइंटस्टाइनल कैंसर का हो सकता है खतरा
अध्ययनों से पता चलता है कि वयस्कों से लेकर बुजुर्गों तक सभी उम्र के लोगों में गैस्ट्रोइंटस्टाइनल कैंसर का जोखिम बढ़ता जा रहा है। इसमें आपके आहार की भी महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है। प्रोसेस्ड फूड्स, नमक और चीनी वाली चीजों का अधिक सेवन आपमें पेट और कोलन कैंसर का खतरा बढ़ाने वाला हो सकता है।
खान-पान में गड़बड़ी और पेट की समस्या
हम सभी ने ये कहावत जरूर सुनी होगी "यू आर व्हाट यू ईट" मतलब आप जिस तरह की चीजें खाते हैं आपका स्वास्थ्य भी वैसा ही हो जाता है। हालांकि जब पेट के स्वास्थ्य की बात आती है, तो खान-पान को लेकर सावधानी बरतना और भी जरूरी हो जाता है। हमारा पाचन तंत्र लगातार भोजन को संसाधित करता रहता है। ऐसे में यदि आप अस्वास्थ्यकर भोजन करते हैं तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं, कभी-कभी ये कैंसर का कारण भी बन सकते हैं।
अध्ययनों से पता चलता है कि प्रोसेस्ड फूड्स, नमक और चीनी वाली चीजों का अधिक सेवन आपमें पेट और कोलन कैंसर का खतरा बढ़ाने वाला हो सकता है।
गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर का बढ़ता खतरा
गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (जीआई) कैंसर, पाचन तंत्र और पेट के अन्य अंगों को प्रभावित करता है। डीएनए में परिवर्तन या भी खान-पान की गड़बड़ी इस बीमारी के खतरे को बढ़ाने वाली हो सकती है। एक अध्ययन की रिपोर्ट से पता चलता है कि अगर आप रोजाना उच्च गुणवत्ता वाली चीजों का सेवन करते हैं, कुछ खास प्रकार के डाइट को अपना लेते हैं तो ये जीआई कैंसर से आपको बचान वाली हो सकती है।
दिल्ली स्थित एक अस्पताल में गैस्ट्रोलॉजिस्ट डॉक्टर अमरेश चौहान बताते हैं, पेट का कैंसर कई देशों में खास तौर पर आम है। दूषित भोजन और पानी में हानिकारक बैक्टीरिया हो सकते हैं जो पेट की परत में इंफ्लेमेशन पैदा करते हैं और कई प्रकार की बीमारियों को बढ़ा सकते हैं। आहार की गड़बड़ी को कैंसर के खतरे को बढ़ाने वाला पाया गया है।
किन चीजों को माना जा रहा है नुकसानदायक?
डॉक्टर बताते हैं, कई अध्ययनों में रेड और प्रोसेस्ड मीट के सेवन को गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर का जोखिम बढ़ाने वाला माना जाता है। इसके अलावा अल्ट्रा प्रोसेस्ड खाद्य और पेय पदार्थ भी इस कैंसर का कारण हो सकते हैं, क्योंकि इनमें चीनी और सोडियम का स्तर की मात्रा अधिक होती है। हाई कैलोरी और पोषण तत्वों की कमी के कारण अत्यधिक प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थ वजन बढ़ने और मोटापे का जोखिम बढ़ा सकते हैं। मोटापा को कई अध्ययनो में कैंसर का प्रमुख जोखिम कारक माना जाता रहा है।
ये एक आदत बहुत खतरनाक
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, पेट की समस्या हो या गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर का खतरा इसको बढ़ाने के लिए जिन आदतों को सबसे जिम्मेदार माना जाता रहा है उनमें शराब का सेवन भी एक है। शराब को पेट, कोलोरेक्टल, एसोफैगल, लिवर, अग्नाशय और स्तन कैंसर सहित कई बीमारियों को बढ़ाने वाला माना जाता रहा है। शराब की आदत समय के साथ ऊतकों को नुकसान पहुंचाने लगती है जिससे कोशिकाओं के डीएनए में परिवर्तन हो सकता है और कैंसर का जोखिम बढ़ सकता है।
कैंसर के खतरे से बचे रहने के लिए प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थ, नमक-चीनी का अधिक सेवन या शराब से दूरी बनाकर आप कैंसर के खतरे को कम कर सकते हैं।
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स्रोत और संदर्भ
Understanding the Link Between Diet and Gastrointestinal Cancer Risk
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