शरीर के जिस अंग पर लकवा या पैरालाइसिस का अटैक पड़ता है वह कुछ भी महसूस करने की क्षमता नष्ट कर देता है। चेहरे पर लकवा होने पर मुंह आधा टेढ़ा हो जाता है और बोलने पर आवाज नहीं निकलती या मरीज तुतलाने लगता है। ये किसी भी उम्र में हो सकता है लेकिन ज्यादातर यह उम्रदराज लोगों में देखने को मिलता है। इसे ठीक होने में काफी समय लग सकता है और अगर समय रहते इसका इलाज नहीं किया जाए तो यह लाइलाज बीमारी भी बन सकती है।
लकवे के मरीज के लिए रामबाण हैं लहुसन की कच्ची कलियां
टीम डिजिटल/ अमर उजाला,नई दिल्ली
Updated Fri, 27 Jan 2017 05:38 PM IST
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लकवे के मरीज के लिए रामबाण हैं लहुसन की कच्ची कलियां
लकवे के मरीज के लिए रामबाण हैं लहुसन की कच्ची कलियां
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