स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के लिए वजन का नियंत्रित रहना सबसे आवश्यक माना जाता है। वजन बढ़ने के कारण तमाम तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। हृदय रोग, डायबिटीज और रक्तचाप जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के पीछे अधिक वजन को मुख्य कारक माना जाता है। हालांकि वजन कम करना कुछ लोगों के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है। कभी-कभी ऐसा भी हो सकता है जब आपको लगे कि आपकी जीवनशैली तो स्वस्थ है फिर भी आपका वजन बढ़ रहा है। इसके अलावा कुछ लोग वजन को तेजी से कम करने के लिए कई ऐसे तरीकों को प्रयोग में लाना शुरू कर देते हैं, जिससे शरीर को फायदे की जगह नुकसान हो सकता है।
आज का हेल्थ टिप्स: वजन कम करने के चक्कर में कहीं आप भी तो नहीं कर रहे हैं ऐसी गलतियां, फायदे की जगह हो सकता है नुकसान
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भोजन बिल्कुल भी न छोड़ें
अगर आप सोचते हैं कि नाश्ता या दोपहर का भोजन छोड़ना कैलोरी कम करने का एक शानदार तरीका है, तो सावधान, यह तरीका फायदे की जगह नुकसानदायक हो सकता है। ज्यादा समय तक भूखे रहने से सेहत पर नकारात्मक असर हो सकता है। इससे मेटाबॉलिज्म प्रभावित हो सकता है जो शरीर में कई गंभीर तरह की समस्याओं का कारण बन सकता है। वजन कम करने के लिए भोजन को संयमित करें, छोड़ें नहीं।
बहुत अधिक व्यायाम
माना जाता है कि नियमित रूप से व्यायाम करने से शरीर की अतिरिक्त कैलोरी को बर्न करने में मदद मिलती है। पर इस चक्कर में कहीं आप बहुत अधिक व्यायाम तो नहीं कर रहे हैं। बहुत अधिक व्यायाम करने से शरीर में इंजरी और मांसपेशियों को दिक्कत हो सकती है। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए रोजाना 40-60 मिनट का व्यायाम पर्याप्त माना जाता है। बहुत अधिक व्यायाम करने से शरीर को क्षति हो सकती है।
प्रोटीन और फैट का सेवन कम कर देना
शरीर को स्वस्थ बनाए रखने के लिए तमाम तरह के पोषक तत्वों से भरपूर आहार की आवश्यकता होती है। वजन कम करने की कोशिश में लगे लोग अक्सर प्रोटीन और फैट का सेवन कम कर देते हैं। हालांकि इस आदत को स्वास्थ्य विशेषज्ञ नुकसानदायक मानते हैं। शारीरिक गतिविधि के साथ आहार प्रोटीन और फैट की संतुलित मात्रा आवश्यक होती है। वयस्कों को रोजाना कम से कम 47 ग्राम प्रोटीन का सेवन करना चाहिए। शरीर में इऩ पोषक तत्वों की कमी के कारण कई तरह की अन्य समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से प्राप्त जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। अमर उजाला इस दावे की पुष्टि नहीं करता है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।