कई तरह की ऐसी बीमारियां हैं, जिनके बारे में हम पूरी तरह नहीं जानते लेकिन अगर वो हमें हो जाए तो हम काफी घबरा भी जाते हैं। ऐसी ही एक बीमारी है चेचक। इस बीमारी के दौरान लोग घबरा जाते हैं और कई लोग तो इसमें झाड़-फूंक तक करवाने लगते हैं। तो चलिए आपको बिना देर किए बताते हैं कि आखिर ये चेचक की बीमारी होती क्या है, इसके होने के पीछा के कारण क्या हैं और इससे आराम पाने के घरेलू उपाय क्या हैं, जो आपकी मदद कर सकते हैं।
चेचक की बीमारी होगी दूर, यहां जानें लक्षण, कारण और घरेलू उपाय
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सबसे पहले जान लेते हैं कि ये चेचक क्या हैं? चेचक जिसे आप चिकनपॉक्स के नाम से भी जानते हैं, ये बीमारी दो तरह की होती हैं। पहली छोटी माता यानी छोटी चेचक और दूसरी बड़ी माता यानी बड़ी चेचक। इस बीमारी में शरीर के ऊपर लाल रंग के दाने निकल आते हैं, जिनमें खुजली और दर्द दोनों होता है। इसके अलावा इस बीमारी में व्यक्ति को बुखार भी आता है। साथ ही कमजोरी होना, शरीर में दर्द होना, कुछ भी अच्छा ना लगना जैसी कई अन्य चीजें होती हैं। ये बीमारी एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति को हो सकती है। इसलिए ऐसे व्यक्ति से दूरी बनाकर रखनी चाहिए, जिसे ये बीमारी हुई हो।
चेचक दो तरह यानी छोटी और बड़ी होती है, लेकिन इनमें अंतर क्या होता है। दरअसल, वैसे तो इन दोनों में ही शरीर के ऊपर दाने निकलते हैं। लेकिन दोनों में अंतर ये है कि जहां बड़ी चेचक में बड़े दाने, तो वहीं छोटी चेचक में छोटे दाने निकलते हैं। इसी से इसे पहचाना जा सकता है। इसके अलावा छोटी चेचक के समय उसके होने वाले दाने छोटे होते हैं जो कि बीच में से फटते नहीं हैं, बल्कि सीधि सूख जाते हैं। जब बच्चे छोटे होते हैं अमूमन ये छोटी चेचक तभी बच्चों को होती है। वहीं, बड़ी चेचक के समय शरीर पर बड़े दाने होते हैं। ये बीच में से फट जाते हैं और फिर सूखकर इनकी पपड़ी उतर जाती है।
इसके लक्षणों की बात करें, तो चेचक के कई ऐसे लक्षण हैं, जिनके द्वारा इस बीमारी का पता लगाया जा सकता है और समय रहते हुए इलाज भी कराया जा सकता है। इसमें रोगी को काफी तेज बुखार आता है, जिसके बाद धीरे-धीरे शरीर पर लाल दाने होने लगते हैं। सिर दर्द होता है, गला बैठ जाता है, नाक बहने लगती है, शरीर में दर्द होता है, मन मचलाता है, शरीर पर जो दाने निकले होते हैं उन पर खुजली होती है, दानों के चारों और लाल घेरे बन जाते हैं और उन पर सूजन आने लगती है। इन लक्षणों से चेचक की बीमारी को पहचाना जा सकता है।
चेचक की बीमारी में कई घरेलू उपचार करके आराम पाया जा सकता है। इसमें नीम को बड़ा असरदार माना गया है। नीम के पत्तों को पहले पीस लें और फिर शरीर में हुए दानों पर इसके लेप को लगाएं, जिससे दर्द में आराम मिलता है। इसके अलाव नीम को नहाने वाले पानी में डालकर उबाल लें, और फिर इस पानी से रोगी को नहालाएं। हरे मटर को पानी में पकाकर और फिर उस पानी को शरीर पर लगाने से दानों को काफी आराम पहुंचता है। गाजर और धनिए के पत्ते को एक साथ उबाल लें और फिर इस पानी को पीने से ये बीमारी कम होती है। यही नहीं, थोड़ी काली मिर्च के साथ थोड़े से प्याज को पीसकर लेप बना लें, और फिर इसे शरीर पर लगाएं। ऐसा करना चेचक की बीमारी में काफी लाभदायक होता है।
नोट: यह सलाह केवल आपको सामान्य जानकारी प्रदान करने के लिए दी गई है। आप किसी भी चीज का सेवन या कोई भी घरेलू उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर या विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।