Medically Reviewed by Dr. Rajan Gandhi
जनरल फिजिशियन, चाइल्डकेयर हॉस्पिटल, उजाला सिग्नस हॉस्पिटल
डिग्री- एम.बी.बी.एस, डिप्लोमा सी.एच
अनुभव- 25 वर्ष
एनीमिया सबसे आम बीमारियों में से एक है। दुनियाभर में इस बीमारी से पीड़ित लाखों-करोड़ों लोग हैं। यह बीमारी शरीर में खून की कमी या हीमोग्लोबिन की कमी से होती है। महिलाओं, बच्चों और लंबे समय से बीमारियों से पीड़ित लोगों को एनीमिया होने की आशंका अधिक होती है। विशेषज्ञ कहते हैं कि एनीमिया कई प्रकार का होता है, लेकिन आयरन की कमी से होने वाला एनीमिया सबसे आम है। जिन महिलाओं को मासिक-धर्म के दौरान अधिक रक्त स्राव होता है, उनको भी यह बीमारी हो सकती है, क्योंकि उनके शरीर में खून की कमी हो जाती है। हालांकि कुछ लोग आनुवंशिक रूप से भी एनीमिया के शिकार हो जाते हैं। इसलिए ऐसे लोगों को खुद पर विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है, ताकि बीमारी गंभीर न हो। आइए जानते हैं एनीमिया के लक्षणों के बारे में और शरीर में खून की कमी न हो, इसके लिए किन चीजों का सेवन करना चाहिए।
सावधान: एनीमिया के इन लक्षणों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, बचाव के लिए खाएं ये चीजें
एनीमिया के लक्षण क्या हैं?
- कमजोरी होना
- अधिक थकान महसूस होना
- चक्कर आना
- हाथ और पैर में ठंड लगना
- सिरदर्द
- त्वचा का पीला होना
- सीने में दर्द
- सांस लेने में परेशानी
एनीमिया में क्या खाना चाहिए?
- एनीमिया से पीड़ित मरीज अपने आहार में चुकंदर, पालक, सोयाबीन, टमाटर, अंडे, अनार, अनाज की रोटी, बीज और ड्राई फ्रूट्स, सी फूड, सेब, खजूर आदि को शामिल कर सकते हैं।इससे शरीर में खून की कमी की समस्या से निजात मिल सकती है।
एनीमिया में किन चीजों से परहेज करना चाहिए?
- चाय और कॉफी का सेवन कम करें
- टैनिन और फाइटिक एसिड युक्त आहार न लें
- तैलीय और मसालेदार खाद्य पदार्थों का सेवन न करें
- शराब और धूम्रपान से करें परहेज
एनीमिया का इलाज क्या है?
- विशेषज्ञ कहते हैं कि हर तरह के एनीमिया का अलग-अलग इलाज होता है, जैसे अगर आयरन की कमी से एनीमिया हुआ है तो डॉक्टर मरीज को आहार में आयरनयुक्त खाद्य पदार्थ लेने की सलाह देते हैं और अगर हड्डियों की मज्जा से संबंधित एनीमिया हुआ है तो उसका इलाज दवाइयों की खुराक, कीमोथेरेपी और हड्डियों की मज्जा प्रत्यारोपण द्वारा किया जाता है। एनीमिया के मरीजों के इस बात का विशेष ध्यान रखना चाहिए कि वे हमेशा स्वच्छ रहें, जिससे अन्य बीमारियां शरीर में प्रवेश न करें।
नोट: डॉ. राजन गांधी अत्याधिक योग्य और अनुभवी जनरल फिजिशियन हैं। इन्होंने कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज से अपना एमबीबीएस पूरा किया है। इसके बाद इन्होंने सीएच में डिप्लोमा पूरा किया। फिलहाल यह आईसीएचएच से वह उजाला सिग्नस कुलवंती अस्पताल में मेडिकल डायरेक्टर और सीनियर कंसल्टेंट फिजिशियन के तौर पर काम कर रहे हैं। यह आईएमए (इंडियन मेडिकल एसोसिएशन) के आजीवन सदस्य भी हैं। डॉ. राजन गांधी को इस क्षेत्र में 25 साल का अनुभव है।
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