काम कैसा भी हो उसमें परफेक्शन बहुत जरूरी है। बात जब खाना बनाने की हो तो और भी ज्यादा। हमारे समाज में खाना पकाने को बहुत कम लोग करियर के रूप में चुनते हैं। लेकिन इन शेफ ने कुकिंग को न केवल करियर के रूप में चुना बल्कि दुनिया में सम्मान पा कर शेफ के काम को अलग पहचान भी दिलाई। भारत के सात शेफ जिनको रेस्त्रां और होटल की दुनिया में मशहूर अवार्ड "मिशलिन स्टार" से नवाजा गया।
इन भारतीयों ने खाना पकाने की दुनिया में कमाया नाम, ये अवार्ड पाकर बनाई अलग पहचान
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ये फ्रांसीसी अवार्ड डाइनिंग की दुनिया में अच्छा काम करने वालों को दिया जाता है। ये एक तरह का रेटिंग सिस्टम है जो रेस्त्रां की अच्छी गुणवत्ता के आधार पर दिया जाता है। साथ ही इन रेस्त्रां में काम करने वाले शेफ को भी इस सम्मान से नवाजा जाता है। भारत के इन सात शेफ हैं जिनको मिशलिन अवार्ड से नवाजा गया है।
विनीत भाटिया भारत के पहले शेफ हैं जिनको 'मिशलिन अवार्ड' से नवाजा गया है। साल 2001 में लंदन में बने रेस्त्रां 'जायका' में काम करते हुए इनको ये सम्मान दिया गया। विनीत भाटिया के बनाए कुजिन को 'अवधी' नाम से कैटेगराइज्ड किया गया था।
अल्फ्रेड प्रसाद भारत के सबसे युवा शेफ हैं जिनको मिशलिन अवार्ड दिया गया है। टैमरिंड रेस्त्रां में एक्जीक्यूटिव शेफ के तौर पर काम करते हुए अल्फ्रेड ने 2002 में ये स्टार पाया था।
अतुल कोचर पहले शेफ हैं जिन्होंने अपने भारतीय खाने को कुजिन का तड़का दिया। 2001 में टैमरिंड, लंदन में काम करते हुए मिशलिन स्टार से नवाजा गया था।