आज देश 71वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। गणतंत्र दिवस 2020 के मुख्य अतिथि ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि पहले 10 गणतंत्र दिवस के मुख्य अतिथि कौन थे? हम आपको बताते हैं कि गणतंत्र दिवस की परेड के लिए राजपथ पर आमंत्रित पहले 10 मुख्य अतिथि कौन थे।
भारतीय गणतंत्र दिवस की पहली 10 परेड, दो बार तो पाकिस्तान से आए मुख्य अतिथि
शुरुआती दिनों के दौरान भारत में भव्य गणतंत्र दिवस परेड के लिए एक निश्चित स्थान नहीं था। गणतंत्र परेड लाल किले, रामलीला मैदान, किंग्सवे और इरविन स्टेडियम जैसे विभिन्न स्थानों पर आयोजित की जाती थी। 1955 में परेड स्थल तय किया गया और इसे राजपथ पर आयोजित किया जाने लगा।
जो परंपरा भारत में वर्षों से जारी है वह गणतंत्र दिवस परेड के लिए मुख्य अतिथि की उपस्थिति रही है। भारत ने अभी तक कई पड़ोसी देशों और राष्ट्रों से राजनीतिक नेताओं को परेड के लिए आमंत्रित किया है।
हालांकि, ऐसे भी कई साल रहे हैं जब भारत में गणतंत्र दिवस परेड में मुख्य अतिथि नहीं थे। साल 1952, 1953, 1956, 1957, 1959, 1962, 1964, 1966, 1967 और 1970 में भारत की परेड में कोई भी मुख्य अतिथि नहीं थे।
पाकिस्तान के गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मौहम्मद (1955)
1955 में भारत की पहली गणतंत्र दिवस परेड के मुख्य अतिथि पाकिस्तान के गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मौहम्मद थे। भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बावजूद, पाकिस्तान अक्सर भारतीय गणतंत्र दिवस परेड में मुख्य अतिथि रहा है। मलिक गुलाम मौहम्मद राजपथ पर पहले अतिथि थे।
चीन के मार्शल ये जियानयिंग (1958)
1952 और 1953 में दो साल तक कोई मुख्य अतिथि नहीं होने के बाद भारत के पड़ोसी देश चीन के मार्शल ये जियानयिंग को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया। उस समय भारत और चीन के बीच तनाव था। लेकिन जवाहर लाल नेहरू भारत और चीन के बीच शांति की उम्मीद कर रहे थे।