भारत-पाकिस्तान के बीच भाईचारे और अमन का पैगाम लेकर पाकिस्तानी जायरीन पिरान कलियर पहुंचे। इससे पहले लाहौरी एक्सप्रेस से रुड़की रेलवे स्टेशन पर उतरे जायरीनों का प्रशासनिक अधिकारियों ने माला पहनाकर जोरदार स्वागत किया। रेलवे स्टेशन पर मिले सम्मान और प्यार से पाक जायरीन गदगद हो गए। उनका कहना है था कि इस प्यार और सम्मान को कभी नहीं भूल पाएंगे। उन्होंने कहा कि वह दुआ करेंगे कि दोनों मुल्कों के बीच की दूरियां कम हों और दोनों मुल्कों में आने-जाने के रास्ते निकाले जाएं।
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भारत पहुंचे पाकिस्तानी जायरीन
विश्व प्रसिद्ध दरगाह पिरान कलियर के 750वें सालाना उर्स में शामिल होने के लिए पाकिस्तान से 91 जायरीनों का जत्था रुड़की रेलवे स्टेशन पहुंचा। यहां एएसडीएम रविंद्र बिष्ट, सीओ रुड़की चंदन सिंह बिष्ट, तहसीलदार मनजीत सिंह, शायर अफजल मंगलौरी समेत कई लोगों ने जायरीनों का स्वागत किया। इस दौरान पाक जत्थे के टीम लीडर अब्दुल गफ्फार ने कहा कि भारत आकर जो प्यार मिला है, उसे वे कभी नहीं भूला पाएंगे। हर साल इस धरती पर आने की तमन्ना रखते हैं।
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भारत पहुंचे पाकिस्तानी जायरीन
उन्होंने कहा कि नफरत से दूरियां बढ़ती हैं, जबकि इबादत और मोहब्बत से दूरियां मिटती हैं। उन्होंने दोनों मुल्कों की सरकारों से अपील की कि अवामों के लिए आने-जाने के रास्ते खोले जाएं। बड़ी संख्या में पाक जायरीन पिरान कलियर उर्स में पहुंचना चाहते हैं, लेकिन किन्हीं कारणों से नहीं पहुंच पाते। यदि दोनों मुल्कों में आने-जाने के रास्ते खोले जाएं तो पाक जायरीनों की संख्या बढ़ेगी। इसके बाद जायरीनों को पुलिस बल के साथ रोडवेज बसों से कलियर पहुंचाया गया। यहां उन्हें साबरी गेस्ट हाउस में ठहराया गया। पाक जायरीन 25 नवंबर को लाहौरी एक्स. से लौट जाएंगे।
पाक जायरीनों की करेंसी चेंज करने के लिए पंजाब नेशनल बैंक और एसबीआई ने अपना काउंटर लगाया है। पंजाब नेशनल बैंक के प्रबंधक सुरेंद्र कुमार ने बताया कि जायरीनों को इधर-उधर भटकना न पड़े, इसके लिए साबरी गेस्ट हाउस में ही करेंसी चेंज काउंटर लगाया है। उन्होंने बताया कि बैंक की ओर से जायरीनों की हर तरह से मदद की जाएगी। साबिर पाक के सालाना उर्स में कहीं कव्वालों की महफिल है तो कहीं झूमते गाते चादर चढ़ाने जायरीन पहुंच रहे हैं।
दरगाह साबिर पाक और दरगाह इमाम साहब, दरगाह किलकिलि साहब और आसपास की सड़कों पर जायरीनों की लम्बी कतारें लग रही हैं। वहीं पुलिस की ओर से भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सालाना उर्स में कहीं कव्वालों की महफिल है तो कहीं चादर चढ़ाने वाले नजर आ रहे हैं। दरगाह साबिर पाक और दरगाह इमाम साहब, दरगाह किलकिल साहब और आसपास की सड़कों पर जायरीनों की लंबी कतार लग रही हैं। वहीं, पुलिस ने भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं।