इन दिनों चीन का एक ट्यूशन टीचर खासा चर्चा में है। दरअसल, लोग इसकी कमाई के बारे में जानकर ताज्जुब मान रहे हैं। जिस किसी को इसकी कमाई का पता चलता है वह आश्चर्चचकित रह जाता है। हैरानी हो भी क्यों नहीं.. यह ट्यूशन मास्टर ट्यूशन पढ़ा-पढ़ाकर अरबपति जो बन गया है। आज इसके पास अरबों रुपय की सम्पत्ति है। और सुनिए, यह कमाल महज एक साल के अंदर-अंदर हुआ है। आगे जानें कैसे हुआ ये करिश्मा...
ट्यूशन पढ़ाकर यह मास्टर बन गया अरबपति, बच्चों की नहीं पैरेंट्स की रहती है इससे ऐसी डिमांड
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ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक चीन के 36 वर्षीय 'लियु याचो' राजधानी बीजिंग में कई साल से बच्चों को मैथ का ट्यूशन पढ़ा रहे हैं। यह टीएएल एजुकेशन ग्रुप नामक सेंटर चलाते हैं, लेकिन उन्हें अपने इस काम में सबसे अधिक मुनाफा बीते एक साल में हुआ है। यह ट्यूशन टीचर पूरे चीन में नंबर-1 रैंक पर है। बच्चों के मां-बाप की पहली पसंद बना लियु बच्चों को मैथ्स पढ़ाता है। इसके पढ़ाने का तरीका बच्चों को बेहद पसंद है। इसलिए इसकी डिमांड बढ़ गई है। तभी तो चीन का हर मां-बाप अपने बच्चे को इसके पास पढ़ाना चाहता है। लियु को तो फायदा हो ही रहा है। इसी बदौलत आज वह अरबों में खेल रहे हैं।
यहां पढ़ने वाले बच्चों की बड़ी संख्या भी पिछले साल की तुलना में दोगुना हो चुकी है। गौरतलब हो चीन में बच्चों की शिक्षा पर उनके माता-पिता औसतन 42,892 डॉलर तक खर्च कर रहे हैं, जिनमें से 93 प्रतिशत प्राइवेट ट्यूशन में चले जाते हैं। टीएएल ने बाजार मूल्य को 21.1 बिलियन डॉलर तक पहुंचाया है, जो इसके मुख्य प्रतिद्वंद्वी, ओरिएंटल एजुकेशन एंड टेक्नोलॉजी ग्रुप इंक से 46 प्रतिशत अधिक है। रिपोर्ट के मुताबिक इस वक्त बाजार में टीएल कंपनी की कीमत 21.1 बिलयन डॉलर तक पहुंच गई है। अकादमिक शिक्षा की कोचिंग देने वाली संस्था टीएएल ग्रुप को शुरू करने वाले पेशे से गणित शिक्षक 36 वर्षीय लियू वो पहले इंसान थे जिन्होंने इस कंपनी को बतौर मिडिल स्कूल डिवीजन के निदेशक के पद पर 2005 में ज्वाइन किया था।
ज्वाइन करने के कुछ समय बाद कड़ी मेहनत से वे इस मुकाम तक पहुंच पाए। वर्तमान में उनके पास 1 बिलियन की 4.7 प्रतिशत हिस्सेदारी है। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर इंडेक्स के मुताबिक, टीएएल के अन्य संस्थापक झांग बांगक्सिन का शुद्ध मूल्य 6.6 अरब डॉलर है। कंपनी ने अपनी भविष्य की योजनाओं को लेकर अभी किसी बात का खुलासा नहीं किया है। बोकोम इंटरनेशल के एक अधिकारी कॉनी गु के मुताबिक, टीएएल ग्रुप इस समय भारी मुनाफे वाला साबित हो रहा है जिनके शेयरों पर खरीद और रेटिंग के लिए 40 मिलियन डॉलर का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा, हम जानते हैं इस समय यहां शिक्षा बाजार पर लोगों का रुख सकारात्मक है, इस बात को लियु अच्छे से समझते हैं। चीन में लोग सामाजिक प्रगति करते हुए विकास की इच्छा रखते हैं। उन्हीं में से एक लियु भी है।
टीएएल की वेबसाइट के मुताबिक लियू कंपनी में शामिल होने वाले पहले गणित शिक्षक थे जो 2005 में मिडिल स्कूल डिवीजन के निदेशक बने और बाद में शिक्षण और अनुसंधान विभाग, शिक्षक प्रशिक्षण स्कूल और नेटवर्क ऑपरेशन सेंटर का नेतृत्व किया। इस ग्रुप में उनके पास $ 1 बिलियन की 4.7 प्रतिशत हिस्सेदारी है। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर इंडेक्स के मुताबिक, टीएएल के अन्य संस्थापक झांग बांगक्सिन का शुद्ध मूल्य 6.6 अरब डॉलर है। बता दें की भारत में भी शिक्षा का बाजार करोड़ों के खेल में बदल चुका है। जहां तमाम सरकारी से लेकर प्राइवेट नौकरीयों तक के फॉर्म भरवाने से लेकर उनकी परीक्षाओं की कोचिंग दिलवाने वाले समूह देशभर में काम कर रहे हैं, जिसमें दिल्ली का मुखर्जी नगर, लक्ष्मी नगर, राजस्थान का कोटा के अलावा तमाम कोचिंग सेंटर और कंपनियां है जो छात्रों को प्रत्येक परीक्षा की तैयारी के लिए कोचिंग देती हैं।