शौक बड़ी चीज है! लाखों में बिके एक-एक VIP नंबर, लॉकडाउन के बाद सरकार हुई मालामाल
3 महीनों में बिके 33 वीआईपी नंबर
अप्रैल से जुलाई तक के बीच दिल्ली में 32 वीआईपी नंबर बिके। इनमें से 25 कार के वीआईपी नंबर थे। वहीं, 7 वीआईपी नंबर मोटरसाइकिल के लिए खरीदे गए।
किस महीने कितने वीआईपी नंबर बिके
- अप्रैल- 1 वीआईपी नंबर बिका
- मई- 5 वीआईपी नंबर बिके
- जून- 11 वीआईपी नंबर बिके
- जुलाई- 15 वीआईपी नंबर बिके
यानी लॉकडाउन के बाद तेजी से वीआईपी नंबरों की बिक्री हुई है।
तीन महीने में हुई 66 लाख रुपये की कमाई
मई से जुलाई के बीच सरकार को वीआईपी नंबर की बिक्री से 66 लाख रुपये का राजस्व मिला है। इसमें कार के वीआईपी नंबर से सरकार को 64 लाख रुपये राजस्व मिला है। वहीं, दोपहिया वाहनों के वीआईपी नंबर से सरकार की 1.72 लाख रुपये की कमाई हुई।
वीआईपी नंबर से किस महीने में कितनी कमाई हुई
अप्रैल
- 1 वीआईपी नंबर बिका
- 1,50,000 रुपये की कमाई हुई
मई
- 5 वीआईपी नंबर बिके
- 9,30,000 रुपये की कमाई हुई
जून
- 11 वीआईपी नंबर बिके
- 21,71,000 रुपये की कमाई हुई
जुलाई
- 15 वीआईपी नंबर बिके
- 33,81,000 रुपये की कमाई हुई
किस महीने लगी सबसे ज्यादा बोली
- अप्रैल- -----
- मई- 2,10,000 रुपये
- जून- 3,10,000 रुपये
- जुलाई- 7,10,000 रुपये
0009 वीआईपी नंबर से हुई 17.50 लाख रुपये की कमाई
मई से जुलाई तक के बीच सबसे ज्यादा मांग रही 0009 नंबर की। इस वीआईपी नंबर की न्यूनतम कीमत 3 लाख रुपये थी, जिसे 7.10 लाख रुपये में खरीदा गया। तीन महीने में इस नंबर को 4 बार बेचा गया। केवल इस नंबर को बेच कर सरकार ने 17.50 लाख रुपये कमा लिए। इसके अलावा 0007, 9000, 1111 और 9999 नंबरों की ग्राहकों के बीच अधिक मांग रही।