कोरोना वायरस के कारण लागू लॉकडाउन से भले ही ऑटो सेक्टर को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा हो, लेकिन अब यह महामारी ऑटो इंडस्ट्री के लिए धीरे-धीरे फायदेमंद साबित होने लगी है। दरअसल कोविड-19 के कारण पहली बार कार खरीदने वाले ग्राहकों की संख्या में तेजी देखी जा रही है। इसके अलावा उन ग्राहकों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है, जो अपने घरों में अतिरिक्त कार रख रहे हैं। दरअसल देश की सबसे बड़ी कार कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया ने बताया है कि कोरोना काल में लोग सार्वजनिक वाहनों में यात्रा करने के बजाए खुद के वाहन का इस्तेमाल करना चाहते हैं।
गाड़ियों से दूर रहने वाले भी अब खरीद रहे हैं नई कार, 3 महीने में बदल गई लोगों की जरूरत
त्योहारी सीजन से उम्मीद
मारुति सुजुकी ने कहा कि मई और जून की तुलना में जुलाई महीने में कारों की बिक्री बढ़ी है, जिससे हालत काफी सुधरे हैं। लेकिन त्योहारी सीजन पर काफी कुछ निर्भर करता है। कंपनी ने कहा कि त्योहारी सीजन में बिक्री कैसी रहेगी यह इस पर तय करता है कि इस दौरान कोरोना संकट की स्थिति कैसी रहती है।
ग्रामीण बाजार पर रेनो की नजर
भारत में अपनी बिक्री को बढ़ाने के लिए रेनो जल्द नए मॉडल लॉन्च करने और ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी बिक्री को बढ़ाने पर ध्यान दे रही है। कंपनी के एक अधिकारी के मुताबिक रेनो के लिए भारत दुनिया के दस बड़े बाजारों में से एक है।
इन वजहों से बढ़ रही है गाड़ियों की मांग
विशेषज्ञों का कहना है कि मेट्रो बंद होने और बसों में सीमित यात्रियों को बैठाने की अनुमति के कारण लोग वाहनों की खरीदारी कर रहे हैं। इसके अलावा जो लोग पब्लिक ट्रांसपोर्ट में यात्रा नहीं करना चाहते, वे भी गाड़ियों की खरीदारी कर रहे हैं। यही कारण है कि पहली बार कार खरीदने वाले ग्राहकों की संख्या बढ़ी है।
अतिरिक्त वाहनों की बढ़ी मांग
एक्सपर्ट्स का कहना है कि जो लोग नहीं चाहते कि उनके परिवार के दूसरे सदस्य पब्लिक ट्रांसपोर्ट में यात्रा करें, वे अतिरिक्त कार खरीद रहे हैं।