फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   City & states ›   Indore Funeral of the other body was done without seeing the face in the suspicion of Corona case registered

इंदौरः कोरोना की शंका में चेहरा देखे बिना ही कर दिया दूसरे शव का अंतिम संस्कार, मामला दर्ज

Tue, 14 Jul 2020 08:31 PM IST
Rohit Ojha न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: Rohit Ojha Updated Tue, 14 Jul 2020 08:31 PM IST
विज्ञापन
Indore Funeral of the other body was done without seeing the face in the suspicion of Corona case registered
कोरोना वायरस (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : PTI

मध्यप्रदेश के इंदौर के शासकीय महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय ( एमवाईएच) में एक जैसे नाम की गफलत के कारण 20 वर्षीय युवक के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद गलत परिवार को सौंप दिया गया। इस परिवार ने कथित तौर पर कोरोना वायरस संक्रमण की शंका के कारण चेहरा देखे बिना ही युवक का अंतिम संस्कार भी कर दिया। इस गंभीर चूक का भेद खुलने के बाद यह मामला पुलिस के पास पहुंच गया है।

विज्ञापन

 
संयोगितागंज थाने के एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि पड़ोसी देवास जिले के सोनकच्छ क्षेत्र के रहने वाले संतोष पटेलिया ने एमवाईएच प्रबंधन पर घोर लापरवाही का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई है कि उनके बेटे आकाश पटेलिया (20) के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद इंदौर शहर के कनाड़िया क्षेत्र के एक अन्य परिवार को सौंप दिया गया। पुलिस अधिकारी ने बताया कि सुपुर्दगी के समय यह शव कपड़े में बंधा था। हमें पता चला है कि गलत शव लेने वाले इंदौर के परिवार ने एमवाईएच में इसके कोरोना वायरस से संक्रमित हो जाने की शंका के कारण न तो कपड़ा हटाकर चेहरा पहचाना, न ही अंतिम संस्कार से पहले इसके दर्शन किए। हम जांच में इस बात की तसदीक कर रहे हैं। 
विज्ञापन


संयोगितागंज थाने में शिकायत दर्ज
उन्होंने बताया कि आकाश पटेलिया ने कथित तौर पर एसिड पी लिया था। एमवायएच में इलाज के दौरान रविवार और सोमवार की रात उसकी मौत हो गई। इस सरकारी अस्पताल में सोमवार को उसके शव का पोस्टमॉर्टम किया गया था। पुलिस अधिकारी ने बताया कि एमवाईएच में सोमवार को ही इंदौर के कनाड़िया क्षेत्र के आकाश पांचाल (25) के शव का पोस्टमॉर्टम भी किया गया था। पांचाल की कथित तौर पर करंट लगने से मौत हो गई थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि मामले में शिकायतकर्ता का आरोप यह है कि एमवाईएच के स्टाफ ने एक जैसे पहले नाम की गफलत के चलते देवास के आकाश पटेलिया के शव को इंदौर के आकाश पांचाल का शव समझकर दूसरे परिवार को सौंप दिया। इंदौर के परिवार ने न केवल गलत शव स्वीकार किया, बल्कि इसका तुरंत अंतिम संस्कार भी कर दिया। इस मामले में एमवाईएच के कर्मचारियों की लापरवाही के आरोपों पर अस्पताल के अधीक्षक पीएस ठाकुर ने कहा कि यह एक ‘मेडिको-लीगल’ मामला है। संयोगितागंज थाने में इसकी शिकायत दर्ज हुई है। इसलिए अब पुलिस ही इस मामले की जांच करेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed