फेसबुक पर अंडरवर्ल्ड: ऐसा क्या है जो 10 सेकंड के वीडियो को देख गए 3 लाख?
सोशल मीडिया पर अंडरवर्ल्ड एक्टिव है। दिल्ली पुलिस के फाइलों में से कुछ सबसे बड़े नाम फेसबुक पर ऑनलाइन, सक्रिय और वायरल हैं। इसकी गवाह हैं ये तस्वीरें
'यदि आप मुझे अपने गिरोह में लेते हैं तो मैं अपने भाई की हत्या का बदला ले सकता हूं।' उधर से जवाब मिलता है, 'मुझे अपना नंबर दो,।' यह दिल्ली के टॉप गैंगस्टर नीरज बवाना की फेसबुक वॉल है।
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ऐसे कई गैंगस्टर है जिनका फेसबुक अकाउंट सक्रिय है, और ये हमेशा अपडेट रहते हैं।
राम राम पहलवान, लिखते हुए एक व्यक्ति ने रिकॉर्ड की हुई वीडियो रेसलर से गैंगस्टर बने टिल्लू ताजपुरिया की फेसबुक पर पोस्ट करता है। इस वीडियो में ताजपुरिया कोर्ट रुम से बाहर जाते हुए दिखाई दे रहा है और उसे एक दर्जन सशस्त्र पुलिस घेरे हुए हैं। फेसबुक पर दस-सेकंड वाले इस वीडियो को 2,75,000 लोगों ने अबतक देखा है।
नितू दाबोदिया, चार साल पहले एक पुलिस एनकाउंटर में उसकी मौत हो गई। वह दिल्ली के मोस्ट वांटेड अपराधियों में से एक था। लेकिन उसका फेसबुक अकाउंट आज भी सक्रिय है। उसके लेटेस्ट फोटो के नीचे एक कमेंट्स लिखा गया है 'सभी गैंगस्टर आपको बहुत याद करते हैं।'
हर डॉन के पास अपना फेसबुक पेज
यह दिल्ली के अंडरवर्ल्ड का सोशल मीडिया है। दिल्ली पुलिस के फाइलों में से कुछ सबसे बड़े नाम फेसबुक पर ऑनलाइन, सक्रिय और वायरल हैं। इनकी फोटो बंदूकों के साथ ,मॉल में और दोस्तों के साथ जश्न मनाते हुए फेसबुक पर देखी जा सकती है।
अधिकांश सिटी डॉन के पास अपना फेसबुक पेज और उनका फैन पेज है। हालांकि यह बिल्कुल स्पष्ट नहीं है कि इन खातों को कौन चला रहा है, इनमें से कोई सत्यापित अकाउंटस नहीं है।
इनमें से कुछ लोगों ने धमकियों को पोस्ट करने या अपने प्रतिद्वंद्वियों को चेतावनी देने के लिए फेसबुक का उपयोग किया है। गैंगस्टर अमित भूरा, जिसकी गिरफ्तारी पर 12 लाख रुपये का इनाम था, फेसबुक पर उसका अपना अकांउट है। उसपर ऐसे कई फोटो हैं जिसमें भूरा के गिरोह के सदस्य कार्बाइन, राइफल्स और पिस्तौल से खेल रहे हैं। यह स्पष्ट नहीं है कि ये तस्वीरें कब और कहां ली गई है। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि, गिरोह के सहयोगियों द्वारा अकाउंटस को ऑपरेट किया जाता है।
सोशल मीडिया पर, दिल्ली के हर गैंगस्टर का दावा सबसे भयानक होता है। अपने प्रोफाइल में वे खुद को 'असली डॉन', 'नंबर 1', 'नंबर 1 गैंगस्टर' आदि दिखाते हैं।
'पुलिस इन फेसबुक अकाउंट्स से परिचित है'
पुलिस स्पेशल सेल के पूर्व उपायुक्त एलएन राव, ने हिन्दुस्तान टाइम्स को बताया, पुलिस इन फेसबुक अकाउंट्स से परिचित हैं। उनके दोस्तों द्वारा पोस्ट किए गए ऐसे वीडियो, प्रचार स्टंट हैं जो उनकी जबरन वसूली रैकेट में मदद करते हैं। राव का कहना है कि, जब इन्हें कोर्ट में पेशी के लिए लाया जाता है तो ये कैमरे के सामने ऐसे पोज इसलिए देते हैं ताकि इनके खिलाफ गवाह देने वाले डर जाए, साथ ही वो पब्लिक भी जिनसे ये जबरन वसूली करते हैं।
इनके फेसबुक अकांउट पर ऐसे कमेंट्स कॉमन हैं जिसमें लिखा होता है। हम आपके बड़े फैन हैं, आप असली गैंगस्टर हैं, आप अपना नंबर मुझे दीजिए। इन पोस्ट में मुसीबत में रहने वालों की मदद का भरोसा भी दिया जाता है। लगभग हर पोस्ट या फोटो पर 1,000 से अधिक बार लाइक की गई है, जो संकेत है कि ये गैंग्सटर सोशल मीडिया पर कितने लोकप्रिय हो रहे हैं।
कोर्ट के बाहर रिकॉर्ड किया गया नीरज बवाना का एक वीडियो 2.9 लाख से अधिक लोगों ने देखे हैं और 1,000 से अधिक लोगों ने शेयर किए गए हैं।
सबसे सक्रिय अकाउंट्स में से एक है पूर्व स्टेट रेसलर मनोज मोर्खेरी का अकाउंट, जो चार साल पहले दिल्ली में दूसरे सबसे बड़े मोस्ट वांटेड अपराधियों में शुमार था । पुलिस को संदेह है कि यह अकाउंट उसके दोस्तों द्वारा चलाया जाता है, जो नियमित उसे अपडेट करते रहते हैं I वर्तमान में एक पुलिस निरीक्षक की हत्या के जुर्म में जेल में सजा काट रहे मोर्खेरी के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें से ज्यादातर मामले उत्तर भारत में जबरन वसूली के हैं। उसकी फेसबुक वॉल पर ताजा अपडेट यह है कि, 'मैं बहुत जल्द बाहर आ रहा हूं।'