{"_id":"5b7134df42c7927aab0d2034","slug":"kerala-church-scandal-case-two-priests-surrendered-before-the-police-in-kollam","type":"story","status":"publish","title_hn":"केरल चर्च यौन उत्पीड़न मामले में दो आरोपी पादरियों ने किया आत्मसमर्पण","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
केरल चर्च यौन उत्पीड़न मामले में दो आरोपी पादरियों ने किया आत्मसमर्पण
क्राइम डेस्क, अमर उजाला
Updated Mon, 13 Aug 2018 01:20 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केरल के कोट्टायम शहर में महिला से रेप करने वाले चार पादरियों में से दो ने सोमवार को पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने चार पादरियों के खिलाफ 34 साल की महिला से छेड़छाड़ और रेप का मामला दर्ज किया था। पिछले हफ्ते ही बेल को लेकर दाखिल गई उनकी याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया था। कोर्ट ने उनकी याचिका खारिज करते समय उन्हें 13 अगस्त तक आत्मसमर्पण करने को कहा था। उनके पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने के बाद उन्हें जांच दल को सौंप दिया गया है।
विज्ञापन
ये मामला जुलाई में सामने आया था। जिसमें महिला ने पादरियों के खिलाफ कई सालों तक रेप करने और ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया था। मामले पर चर्च ने इन्हें निलंबित कर दिया था और एक आंतरिक जांच भी शुरू की थी। चर्च ने भी पादरियों से आत्मसमर्पण करने को कहा जिसके बाद दोनों पादरियों जेके जॉर्ज और सोनी वर्गीज ने आत्मसमर्पण किया। बाकी के दो पादरियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।
विज्ञापन
पीड़ित महिला की शादी हो चुकी है और उसके दो बच्चे भी हैं। उसने पुलिस को दिए बयान में कहा था कि फादर वारघेसी ने सबसे पहले प्रेयर मीटिंग के दौरान उसका शोषण किया था। उस वक्त वह महज 16 साल की थी। फादर वारघेसी उसका दूर का रिश्तेदार है। इसके बाद जब साल 2009 में उसकी शादी हो गई तो फादर जॉब मेथ्यू ने भी उसे परेशान करना शुरू कर दिया।
विज्ञापन
उसने उसे ब्लैकमेल किया कि वह उसके रेप की बात लोगों को बता देगा। उसने भी उसका उत्पीड़न किया और सारी जानकारी अन्य दो पादरियों जेसी के जियोर्ज और डॉन्सन वी मैथ्यू को दे दी। जिसके बाद उन्होंने भी उसे ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। जानकारी के मुताबिक राज्य में कुछ ही महीनों में अलग-अलग जगहों से नाबालिगों और महिलाओं के साथ रेप करने के आरोप में 12 पादरी गिरफ्तार हो चुके हैं। पाड़ितों का कहना है कि चर्च प्रशासन ऐसे पादरियों के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाए शिकायतों को छिपाने की कोशिश करता है।