मध्य प्रदेश: ISI के 11 संदिग्ध जासूस गिरफ्तार, ATS ने चार शहरों से दबोचा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मध्य प्रदेश से पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी (आईएसआई) के 11 संदिग्ध जासूसों को गिरफ्तार किया गया है। इन्हें मध्य प्रदेश एटीएस ने चार शहरों से गिरफ्तार किया है। इन चार शहरों में भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर और सतना शामिल हैं। खबरों के मुताबिक ये सभी जासूस गैरकानूनी टेलिफोन एक्सचेंज चलाते थे।
इन सभी को जम्मू में पकड़े गए दो लोगों से की गई पूछताछ के आधार पर गिरफ्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि इस जासूसों को बलराम नाम का शख्स फंडिंग कर रहा था।
They converted internet calls to cellular network & acted as medium for overseas handlers to contact people in India: MP ATS chief S Shami pic.twitter.com/UAeda6AnQq
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI_news) February 9, 2017
संदिग्ध निभाते से सेल्युर नेटवर्क की भूमिका
एटीएस चीफ एस शमी के मुताबिक 5 जासूस ग्वालियर, 3 भोपाल, 2 जबलपुर और 1 सतना से गिरफ्त में लिए गए हैं। एटीएस चीफ ने बताया कि इन सभी सतना में रहने वाला एक शख्स ही फंडिंग कर रहा था। शमी ने यह भी बताया कि ये संदिग्ध भारतीय लोगों और विदेशियों के बीच बातचीत के लिए एक माध्यम की भूमिका निभाते थे। इतना ही नहीं इंटरनेट कॉल्स को सेल्युर नेटवर्क में बदलते थे।
They converted internet calls to cellular network & acted as medium for overseas handlers to contact people in India: MP ATS chief S Shami pic.twitter.com/UAeda6AnQq
— ANI (@ANI_news) February 9, 2017
भाजपा पार्षद कर रहा था मदद!
16 नवंबर को जम्मू में गिरफ्तार किए गए आईएसआई संदिग्धों ने इस पूरे मामले में कई जानकारियां दीं। इनका नाम सतविंदर और दादू है, जिन्होंने बताया कि सतना का बलराम उन्हें इसके लिए पैसे दे रहा था। बलराम, कई बैंक खातों को अलग-अलग नामों से चला रहा था और वो पाकिस्तान के एक हैंडलर से जुड़ा हुआ था।