{"_id":"644212f673307762120d5505","slug":"service-of-anganwadi-worker-terminated-for-not-reporting-child-marriage-project-officer-s-action-2023-04-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rajgarh: बाल विवाह की सूचना नहीं देने पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बर्खास्त, अक्षय तृतीया पर रहेगी विवाहों की धूम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rajgarh: बाल विवाह की सूचना नहीं देने पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बर्खास्त, अक्षय तृतीया पर रहेगी विवाहों की धूम
Fri, 21 Apr 2023 10:07 AM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजगढ़
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Fri, 21 Apr 2023 10:07 AM IST
सार
राजगढ़ जिले में बाल विवाह की जानकारी होने के बाद भी सूचना न देने वाली आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की सेवा जिला परियोजना अधिकारी ने समाप्त कर दी है।
विज्ञापन
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की सेवा समाप्त
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अक्षय तृतीया पर रविवार को हर साल की तरह इस साल भी विवाहों की धूम रहेगी। इस मौके पर बिन मुहूर्त विवाह भी होंगे, लेकिन कुछ लोग परंपरा की आड़ में बाल विवाह भी करने का प्रयास करते हैं। बाल विवाह का एक मामला राजगढ़ जिले में हुआ। इस कारण बाल विवाह की सूचना नहीं देने वाली आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की सेवा समाप्त कर दी गई।
विज्ञापन
राजगढ़ जिले के खुजनेर क्षेत्र के खेड़ी गांव में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता रेखा वैष्णव के लापरवाह रवैये के चलते उस पर प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। जानकारी होने के बाद भी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने प्रशासन को बाल विवाह की सूचना नहीं दी। इसके बाद गुरुवार को जिला परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता रेखा वैष्णव की सेवाएं समाप्त कर दी गईं।
विज्ञापन
खेड़ी गांव में हुआ बाल विवाह
खुजनेर थाना क्षेत्र के खेड़ी गांव में एक पिता द्वारा अपने पुत्र का शासन द्वारा निर्धारित आयु से कम आयु में विवाह संपन्न कराया और मौके से फरार भी हो गए। इस पर संबंधित पिता के विरुद्ध चाइल्ड लाइन सदस्य की शिकायत पर खुजनेर थाने में प्रकरण भी दर्ज किया गया था। मामले की विभाग द्वारा जांच की गई थी। इसके बाद जिला परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ता पर कार्रवाई की।
विज्ञापन
बाल विवाह हुए तो आयोजन समिति जिम्मेदार : कलेक्टर
कलेक्टर हर्ष दीक्षित ने बताया कि जिले में सामूहिक विवाह सम्मेलनों के आयोजन की संबंधित अनुविभागीय अधिकारी राजस्व से अनुमति लेना अनिवार्य है। विवाह सम्मेलनों में कोई भी बाल-विवाह न हो इसकी जिम्मेदारी संबंधित आयोजक समिति की होगी। विवाह सम्मेलनों में वर-वधू की जन्मतिथि से संबंधित दस्तावेज आधार कार्ड या अंक सूची भी लिए जाएं। साथ ही सामूहिक विवाह सम्मेलनों में तहसीलदार, सी.डी.पी.ओ. महिला एवं बाल विकास, थाना प्रभारी की ड्यूटी लगाई जाएगी। साथ ही बाल-विवाह करने पर संबंधित के खिलाफ एफआईआर करने के निर्देश भी दिए गए हैं। बाल-विवाह कि सूचना आशा-आंगनवाड़ी कार्यकर्ता द्वारा प्रशासन को नहीं दी जाती है तो संबंधित आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की सेवा समाप्त की जाएगी।
