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MP News: सीहोर में 66 में से 48 तालाब अभी भी खाली, बारिश नहीं हुई तो गर्मी में लोगों की बढ़ेंगी दिक्कतें
Wed, 11 Sep 2024 07:05 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Wed, 11 Sep 2024 07:05 PM IST
सार
सीहोर जिले में 66 में से 48 तालाब अभी भी खाली हैं। बारिश नहीं हुई तो गर्मी में लोगों की दिक्कतें और भी बढ़ जाएंगी।
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66 में से 48 तालाब खाली
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
सीहोर में मानसून दस्तक के साथ ही इस बार शुरू हुई तेज तो कभी कम बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। इसके बावजूद जिले के जलाशयों (तालाब) का पेट नहीं भर पाया है। जल संसाधन विभाग के अधीन आने वाले 66 में से 48 तालाब ही पूरी तरह से फुल हुए हैं। शेष बचे 18 जलाशय में से तीन में 90 प्रतिशत, छह में 75 प्रतिशत, चार में 50 प्रतिशत से अधिक पानी आया है। छह तालाब ऐसे हैं जो 15 से 50 प्रतिशत के आसपास ही भर पाए हैं।
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अब बारिश का मौसम समाप्त होने में कुछ ही दिन का समय बचा है। इस बीच अच्छी बारिश नहीं हुई तो इन जलाशयों का भराना मुश्किल होगा। ग्राम पंचायतों के तालाब, तलैया के भी कुछ ऐसे ही हाल हैं। यह एक बहुत बड़ी चिंता की बात है। यह जलाशय रबी सीजन में किसानों को खेत में पलेवा और फसल में सिंचाई करने में अहम रहने के साथ जलस्त्रोत (कुएं, ट्यूबवेल, हैंडपंप) का वाटर लेवल बढ़ाने में भी अपनी भूमिका निभाते हैं।
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बड़े तालाब में शुमार आष्टा के रामपुरा जलाशय तो 15 प्रतिशत के करीब ही भराया है। इसके पानी से 20 गांव के किसान 1750 हेक्टेयर जमीन में सिंचाई करते हैं। वहीं, गर्मी के मौसम में पार्वती नदी में पानी समाप्त हुआ तो आष्टा की एक लाख आबादी की प्यास भी इसी के पानी से बुझती है। बीते वर्ष से इस बार शुरुआत से अब तक 230.5 मिलीमीटर (करीब नौ इंच) ज्यादा बारिश हुई है। तब भी यह हाल है। इसका खामियाजा आगामी दिनों में किसान और आमजन को पानी संकट के रूप में भुगतना पड़ सकता है।
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आगे कैसा रहेगा मौसम
सीहोर आरएके कृषि कॉलेज के मौसम वैज्ञानिक डॉक्टर सत्येंद्रसिंंह तोमर ने बताया कि अभी कुछ दिन आसमान में बादल छाए रहने के साथ तेज तो कही हल्की बारिश होगी। हालांकि, तापमान स्थिर रहने से आमजन को गर्मी, उमस से राहत मिलने की उम्मीद है।
