कांस्टेबल ने अधिकारी को दी धमकी, 'खुले में ही जाऊंगा शौच, टोका तो हवालात में डाल दूंगा'
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प्रधानमंत्री मोदी बेशक खुले में शौच जैसी सामाजिक बुराई को खत्म करने के लिए स्वच्छ भारत अभियान जैसे अभियान को बढ़ाने में लगे हुए हैं लेकिन मध्य प्रदेश के पुलिसवाले उनके इस अभियान से कोई इत्तेफाक नहीं रखते। यह हम नहीं कह रहे ग्वालियर के एक पुलिस कांस्टेबल के कुछ ऐसे ही बयान हैं।
कांस्टेबल ने बकायदा ग्राम पंचायत को ही धमकी दे डाली है कि मैं खुले में ही शौच के लिए जाऊंगा अगर किसी ने रोकने की कोशिश की तो उसे इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
सिपाही ने धमकी देते हुए कहा कि, उसे रोकने वाले को वह जेल में डाल देगा और जिसे जो करना हो कर ले, मैं खुले में ही शौच करता रहूंगा।
खुले में शौच से रोकने पर जिला पंचायत के सीईओ को धमकाया
जानकारी के अनुसार मामला बुधवार सुबह का है। जनपद पंचायत के सीईओ राजीव मिश्रा हस्तिनापुर गांव पहुंचे थे तभी उन्होंने एक पुलिस कांस्टेबल मोहन लाल को खुले में शौच के लिए जाते देखा।
उन्होंने उसे खुले में शौच के लिए जाने से मना किया तो वह भड़क गया। उसका जवाब था कि मैं एक पुलिसवाला हूं मैं जो चाहे करूं। सीईओ ने उसे समझाना चाहा तो वह बिफर गया और धमकी देते हुए कहा मैं तुम्हे अदालत में खींच लूंगा और जेल भी भेज सकता हूं।
वहीं सीईओ के साथ गए पंचायत सदस्यों ने बताया कि कांस्टेबल मोहन लाल के घर में शौचालय बना हुआ है लेकिन वह खुले में ही शौच के लिए जाता है। इसी संबंध में उसे समझाया गया था।
