Chhatarpur: कब्र खोदकर निकाला गया पुजारी की मां का शव, जानिए पूरा मामला
मध्यप्रदेश के छत्तरपुर जिले में पुलिस-प्रशासन की टीम ने मृत महिला की कब्र खोदकर शव को बाहर निकालकर अंतिम संस्कार कराया है। मां के देहांत के बाद पुजारी ने मंदिर परिसर में समाधि बनाई थी, जिस पर हिंदूवादी संगठनों ने पुजारी की हरकत पर नाराजगी जताते हुए कार्रवाई की मांग की थी।
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छतरपुर जिले में एक पुजारी ने अपनी मां की मौत के बाद उनके शरीर को मंदिर परिसर में ही दफना दिया था। वहीं पूजा करना भी शुरू कर दी था। पुजारी ने मंगलवार को मंदिर परिसर में दफनाए मां के शव को बाहर निकाला और उसका अंतिम संस्कार किया।
दरअसल, बीते रोज छतरपुर के प्रसिद्ध मोटे के महावीर मंदिर परिसर के पीछे संत शरीर आश्रम समाधि स्थल के पास पुजारी ने अपनी मां को दफनाया था, जिसके बाद यह मामला बेहद सुर्खियों में रहा। जिला प्रशासन, पुलिस सख्ती दिखाते हुए मौके पर पहुंचे और पुजारी को 24 घंटे में शव को कब्र से बाहर निकालकर अलग करने का अल्टीमेटम दिया था, जिसके बाद मंगलवार दोपहर पुजारी ने शव को वाहन में रखकर भैंसासुर मुक्तिधाम ले जाकर अंतिम संस्कार किया।
गंगाजल और मंत्रोच्चारण से होगा शुद्धिकरण...
24 घंटे के अंदर कब्र से शव को बाहर निकाले जाने और उसका अंतिम संस्कार किए जाने के बाद मोटे के महावीर मंदिर समिति ने अपना बयान जारी कर पुष्टि की है। उनका कहना है कि अब श्रद्धालुओं ने राहत की सांस ली है। समिति के सचिव और एडवोकेट आनंद शर्मा ने कहा, अब हम गंगाजल मंत्रोच्चारण के साथ मंदिर उसके की शुद्धिकरण का काम जल्दी शुरू करेंगे, जिससे श्रद्धालु मंदिर में पूर्ववत दर्शन के लिए जा सके।
श्रद्धालुओं ने जताया था रोष...
मोटे के महावीर मंदिर प्रांगण के पीछे शव दफनाए जाने की खबर से अनेक श्रद्धालु आक्रोशित हो उठे थे। प्रशासन के सामने इसकी आपत्ति जताते हुए कोतवाली में शिकायती आवेदन के साथ एसपी आफिस और कलेक्ट्रेट अपर कलेक्टर को आवेदन देकर कब्र से शव निकलवाने की मांग की थी।
इस दौरान बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद ने भी मंदिर के बाहर नेशनल हाईवे पर जमा लगाया था। पुलिस और जिला प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल संज्ञान में लिया। वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का मुआयना किया और पुजारी से घटना की जानकारी ली। 24 घंटे में शव निकालकर अलग करने का अल्टीमेटम और चेतावनी दी थी, जिसके बाद पुजारी ने खुद ही शव को निकलवाया और अंतिम संस्कार करवाया।
