{"_id":"62daa3b811db3b2abb5f095b","slug":"chhatarpur-three-robbers-sentenced-to-5-years-rigorous-imprisonment-and-fine","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chhatarpur: तीन लुटेरों को 5 वर्ष का कठोर कारावास और जुर्माने की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chhatarpur: तीन लुटेरों को 5 वर्ष का कठोर कारावास और जुर्माने की सजा
Fri, 22 Jul 2022 06:48 PM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Fri, 22 Jul 2022 06:48 PM IST
सार
कोऑपरेटिव बैंक हरपालपुर में शाखा प्रबंधक के साथ लूट करने वाले तीन आरोपियों को कोर्ट ने सजा सुनाई है। तीनों को पांच-पांच वर्ष का कारावास भुगतना होगा। साथ ही सभी पर दो-दो हजार का अर्थदंड भी लगाया गया है।
विज्ञापन
तीन लुटेरों को कोर्ट ने सजा सुनाई है।
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
छतरपुर जिले के नौगांव अपर सत्र न्यायाधीश विपिन सिंह भदौरिया ने लूट के तीन आरोपियों को दोषी करार देते हुए धारा 394 भारतीय दंड विधान के अंतर्गत 5-5 वर्ष का सश्रम कारावास और 2000-2000 रुपये जुर्माने से दंडित करने का आदेश पारित किया है।
एडवोकेट वशिष्ठ नारायण श्रीवास्तव ने बताया कि परिवादी कृपाल सिंह ने आरक्षी केंद्र नोगांव में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह ग्राम पुरवा का रहने वाला है। कोऑपरेटिव बैंक हरपालपुर में शाखा प्रबंधक के पद पर 5 मई 2012 से पदस्थ रहा। कभी-कभी घर आता-जाता है। घटना दिनांक को वह उसके पुत्र की टीवीएस लूना से सुबह हरपालपुर बैंक गया था। शाम को करीब 7:00 बजे पुरवा जा रहा था जैसे ही रात करीब 9:00 बजे गौड़बाबा के पास रोड पर पहुंचा तभी तीन अज्ञात लुटेरों ने मोटरसाइकिल पर सवार होकर पीछे से ओवरटेक कर उसकी गाड़ी रोक ली। एक अज्ञात बदमाश ने गर्दन पकड़ ली तो दूसरे बदमाश ने जबरन रोककर उसकी शर्ट की जेब से 5000 रुपये तथा बैंक के लॉकर की अलमारी की चाबी उसका एक पुराना मोबाइल नोकिया कंपनी का इसमें बीएसएनएल की सिम तथा उसकी मोटरसाइकिल का रजिस्ट्रेशन कार्ड लूट लिया।
मामले में शासकीय अधिवक्ता दयाराम पाठक ने आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा देने का तर्क रखा। उपस्थित साक्ष्यों एवं बयानों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी विजय उर्फ संतोष अहिरवार एवं राजेश अहिरवार तथा हरदास उर्फ दुर्जन अहिरवार समस्त निवासी ग्राम रामपुर धिलापुर ओरछा रोड छतरपुर को दोषी करार देते हुए 5-5 वर्ष का सश्रम कारावास और 2000-2000 रुपये के अर्थदंड से दंडित करने का आदेश पारित किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
एडवोकेट वशिष्ठ नारायण श्रीवास्तव ने बताया कि परिवादी कृपाल सिंह ने आरक्षी केंद्र नोगांव में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह ग्राम पुरवा का रहने वाला है। कोऑपरेटिव बैंक हरपालपुर में शाखा प्रबंधक के पद पर 5 मई 2012 से पदस्थ रहा। कभी-कभी घर आता-जाता है। घटना दिनांक को वह उसके पुत्र की टीवीएस लूना से सुबह हरपालपुर बैंक गया था। शाम को करीब 7:00 बजे पुरवा जा रहा था जैसे ही रात करीब 9:00 बजे गौड़बाबा के पास रोड पर पहुंचा तभी तीन अज्ञात लुटेरों ने मोटरसाइकिल पर सवार होकर पीछे से ओवरटेक कर उसकी गाड़ी रोक ली। एक अज्ञात बदमाश ने गर्दन पकड़ ली तो दूसरे बदमाश ने जबरन रोककर उसकी शर्ट की जेब से 5000 रुपये तथा बैंक के लॉकर की अलमारी की चाबी उसका एक पुराना मोबाइल नोकिया कंपनी का इसमें बीएसएनएल की सिम तथा उसकी मोटरसाइकिल का रजिस्ट्रेशन कार्ड लूट लिया।
विज्ञापन
मामले में शासकीय अधिवक्ता दयाराम पाठक ने आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा देने का तर्क रखा। उपस्थित साक्ष्यों एवं बयानों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी विजय उर्फ संतोष अहिरवार एवं राजेश अहिरवार तथा हरदास उर्फ दुर्जन अहिरवार समस्त निवासी ग्राम रामपुर धिलापुर ओरछा रोड छतरपुर को दोषी करार देते हुए 5-5 वर्ष का सश्रम कारावास और 2000-2000 रुपये के अर्थदंड से दंडित करने का आदेश पारित किया।
विज्ञापन
