{"_id":"5f7345ad8ebc3e679f0b8db3","slug":"south-delhi1601389997","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ता तो शायद कर लेता संदीप आत्महत्या...","category":{"title":"Local","title_hn":"लोकल","slug":"local"}}
पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ता तो शायद कर लेता संदीप आत्महत्या...
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ता तो शायद कर लेता संदीप आत्महत्या...
विज्ञापन
-पूछताछ के दौरान संदीप ने किया खुलासा, सुबह लिखा नोट सुसाइड की ही नियत से लिखा
-पुलिस टेक्नीकल सर्विलांस की मदद से संदीप तक पहुंची, कुछ ही देर के लिए ऑन हुआ था मोबाइल
शुजात आलम
नई दिल्ली, 29 सितंबर
नई दिल्लीः संदीप दहिया मामले की छानबीन कर रहे पुलिस अधिकारियों का दावा है कि यदि मंगलवार को पुलिस टीम उसे गिरफ्तार नहीं करती तो शायद वह आत्महत्या कर लेता। गिरफ्तारी के समय वह बुरी तरह डिप्रेशन में था। सुबह उसने जो नोट सोशल मीडिया, अपने साथियों और अधिकारियों को भेजा था, वह भी सुसाइड करने की नियत से भेजा था। लेकिन इससे पहले कि वह कुछ कर पाता, पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। दिल्ली और हरियाणा की आधा दर्जन से अधिक टीमें संदीप की तलाश में जुटी थी। दिल्ली पुलिस ने तो संदीप की गिरफ्तारी का नाम भी ऑपरेशन संदीप दहिया दिया हुआ था।
उत्तरी जिला के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि जिले की स्पेशल स्टाफ, साइबर सेल और लाहौरी गेट थाने की टीम आरोपी की तलाश कर रही थी। लगातार संदीप का मोबाइल बंद आ रहा था। इस बीच सुबह करीब 6.30 बजे अचानक संदीप का मोबाइल ऑन हुआ। उसकी लोकेशन कुंडली, सोनीपत की मिली फौरन वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना देकर कुंडली के लिए टीम रवाना कर दी गई। इस बीच दोबारा उसका फोन बंद हो गया। करीब आठ बजे उसका मोबाइल ऑन हुआ तो उसकी लोकेशन रोहिणी की मिली। फोन की लोकेशन के आधार पर संदीप की कार की पहचान कर ली गई।
संदीप रोहिणी सेक्टर-24 भी पहुंचा। वहां से वह सेक्टर-3 आ गया। पुलिस की टीम ने सेक्टर-3 के पास जाल बिछा दिया। सुबह करीब 11 बजे जैसे ही वह कार के पास पहुंचा तो उसे दबोच लिया गया। संदीप ने बताया कि उर्मिल को गोली मारने के बार रात को कुंडली में कार में ही सोया। सुबह होते ही वह अपनी ससुराल पहुंच गया और ससुर की हत्या कर दी। बाद में वह वापस कुंडली आया और रात को दोबारा कार में सोया। अगले दिन मंगलवार को वह दिल्ली लौट आया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
----
शुजात आलम