Parliament Monsoon Session: लोकसभा-राज्यसभा कल तक के लिए स्थगित; पहले दिन हंगामे की भेंट चढ़ा संसद सत्र
Parliament Monsoon Session 2026 Updates in Hindi: संसद का मानसून सत्र पहले ही दिन हंगामे की भेंट चढ़ गया है। दोनों सदनों की कार्यवाही सुबह 11 बजे शुरू होने के बाद कुल छह बार स्थगित हुई। हालांकि, एक बार भी कोई सार्थक चर्चा नहीं हो सकी है। वहीं विपक्ष के बार-बार हंगामे के कारण दोनों सदनों को मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
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हेमा मालिनी बोलीं- विरोध से नहीं, बातचीत से निकलेगा समाधान
संसद के मानसून सत्र के दौरान भाजपा सांसद हेमा मालिनी ने कॉकरोच जनता पार्टी के विरोध प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अगर कोई समस्या है तो उस पर संसद में सही तरीके से चर्चा होनी चाहिए। उनका कहना था कि इस तरह विरोध करने से कोई समाधान नहीं निकलेगा। उन्होंने आगे कहा कि देश के युवाओं और शिक्षा व्यवस्था के लिए मोदी सरकार ने लगातार काम किया है और उनके हित में कई फैसले लिए हैं। उन्होंने कहा कि मौजूदा विरोध का कोई औचित्य नहीं है।डीएमके सांसद बोले- अनशन करने के बावजूद सरकार ने मानवीय रुख नहीं अपनाया
संसद के मानसून सत्र में डीएमके सांसद तिरुची शिवा ने मेकेदातु बांध परियोजना पर चर्चा की मांग करते हुए कार्यवाही स्थगित करने का नोटिस दिया। उन्होंने कहा कि इस बांध से तमिलनाडु के किसानों की आजीविका प्रभावित होगी। इसी के विरोध में डीएमके सांसद हरे रंग का गमछा पहनकर संसद पहुंचे। तिरुची शिवा ने जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि 20 दिन से अधिक समय तक अनशन करने के बावजूद सरकार ने मानवीय रुख नहीं अपनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों की मांगों को सरकार ने गंभीरता से नहीं लिया।#WATCH | Monsoon session of Parliament | Delhi: DMK MP Tiruchi Siva says, "Today, we have given a notice for the suspension of the business and to discuss the Mekedatu issue. This is for the symbol of the farmers. Since the Mekedatu dam construction will affect the lives of the… pic.twitter.com/Dw1PojPz9z
— ANI (@ANI) July 20, 2026
'56 इंच का सीना कहां गया?', संसद में खरगे ने पीएम मोदी पर साधा निशाना
संसद के मानसून सत्र के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का काम विपक्ष पर तंज कसना नहीं, बल्कि देश की समस्याओं का समाधान करना है। खरगे ने कहा, "पहले अपनी विश्वसनीयता जनता के सामने साबित कीजिए। आपका 56 इंच का सीना कहां गया?" खरगे ने राम मंदिर ट्रस्ट और नीट परीक्षा का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि राम मंदिर ट्रस्ट में सरकार की ओर से नामित लोगों पर ही सवाल उठ रहे हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि नीट विवाद से लाखों छात्र परेशान हैं और उनके भविष्य पर असर पड़ा है। इसके लिए उन्होंने मोदी सरकार को जिम्मेदार ठहराया। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री को ऐसे बयान देने से बचना चाहिए, जो बाद में विवाद का कारण बनें। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री से उम्मीद होती है कि वह लोगों की समस्याओं पर बात करें और उनका समाधान निकालें, न कि राजनीतिक तंज कसें।दोनों सदन छह बार स्थगित
संसद के मानसून सत्र के पहले दिन ही दोनों सदन छह बार स्थगित किए गए हैं। विपक्ष के हंगामे के बीच लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है।राहुल-प्रियंका संसद भवन से रवाना
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी संसद से निकल गए हैं। इस दौरान पत्रकारों ने उनसे कई मुद्दों पर सवाल किए, लेकिन दोनों नेताओं ने कोई भी टिप्पणी नहीं ही। बता दें कि, लोकसभा की कार्यवाही सुबह से चौथी बार स्थगित कर हुई है और अब दोपहर 2 बजे लोकसभा की कार्यवाही फिर से शुरू होगी।#WATCH | Delhi: Lok Sabha LoP Rahul Gandhi and Congress MP Priyanka Gandhi leave from the Parliament
— ANI (@ANI) July 20, 2026
Lok Sabha has been adjourned to meet again at 2:00 PM today. pic.twitter.com/rR7ijhBiOY
यह सरकार नहीं, 'अहंकार' है: अखिलेश यादव
समाजवादी पार्टी के प्रमुख और सांसद अखिलेश यादव ने कहा, यह सरकार नहीं, 'अहंकार' है, जो श्रद्धांजलि देने में भी भेदभाव करते हैं। उन्होंने जान गंवाने वाले बच्चों के लिए दो शब्दों की संवेदना तक व्यक्त नहीं की। सरकार का इससे बड़ा अहंकार क्या हो सकता है? उन्होंने कहा, जब छात्र और युवा यहां आए हैं, तो वे चाहते हैं कि सरकार उनकी बात सुने।राम मंदिर चढ़ावा 'चोरी' और पेपर लीक मामले पर सरकार से जवाब मांगेगा इंडिया ब्लॉक
संसद के मानसून सत्र की शुरुआत के साथ विपक्षी इंडिया ब्लॉक ने सोमवार को कहा कि वह राम मंदिर चढ़ावा 'चोरी' मामले और शिक्षा व्यवस्था के 'व्यवस्थित पतन' जैसे मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगेगा। गठबंधन ने कहा कि जनता के अधिकारों की लड़ाई पूरी ताकत से लड़ी जाएगी।मानसून सत्र शुरू होने से पहले राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे के कक्ष में इंडिया ब्लॉक के फ्लोर नेताओं की बैठक हुई। इसमें संसद के भीतर विपक्ष की रणनीति पर चर्चा की गई।
बैठक में मल्लिकार्जुन खरगे के अलावा लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस के लोकसभा उपनेता गौरव गोगोई, कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश, समाजवादी पार्टी के धर्मेंद्र यादव, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) की सुप्रिया सुले, तृणमूल कांग्रेस के सौगत राय और सागरिका घोष, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के संजय राउत, झारखंड मुक्ति मोर्चा की महुआ माजी और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के जॉन ब्रिटास और पी संतोष कुमार समेत कई नेता शामिल हुए।
बैठक के बाद मल्लिकार्जुन खरगे ने एक्स पर लिखा कि आज से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र में कांग्रेस और इंडिया ब्लॉक जनता की आवाज उठाएंगे और हर मुद्दे पर मोदी सरकार से जवाब मांगेंगे।
उन्होंने कहा, चाहे श्रीराम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी और आस्था के साथ धोखा करने का मामला हो। करोड़ों श्रद्धालुओं ने मंदिर निर्माण के लिए अपनी मेहनत की कमाई श्रद्धा के साथ दान की थी। उन्हें न्याय मिलना चाहिए। इस मामले की तुरंत स्वतंत्र जांच कराई जाए और पूरा हिसाब सार्वजनिक किया जाए।
पेपर लीक के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 से अब तक 152 पेपर लीक हो चुके हैं और 25 बच्चों की जान जा चुकी है। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि 3.5 करोड़ वाहन मालिकों पर इथेनॉल मिश्रण को जबरन लागू करने का मुद्दा भी उठाया जाएगा, जिसे सरकार एक 'प्रयोग' बता रही है।
लोकसभा-राज्यसभा तीन बार स्थगित
मानसून सत्र का पहला दिन हंगामेदार रहा। विपक्ष के भारी हंगामे के बीच राज्यसभा और लोकसभा दोनों को तीन बार स्थगित करना पड़ा है। लोकसभा को दोपहर एक बजे तक के लिए स्थगित किया गया है। वहीं, राज्यसभा को 12:50 बजे तक के लिए स्थगित किया गया है।यह संसद सत्र हमारे लिए बहुत यादगार रहेगा: टीएमसी की बागी सांसद रचना बनर्जी
एनसीपीआई में शामिल होने वाले टीएमसी के 20 बागी सांसदों में शामिल रचना बनर्जी ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, हम पूरे घटनाक्रम को लेकर बहुत सकारात्मक हैं। मैं अपनी 20 सांसदों की पूरी टीम को शुभकामनाएं देती हूं। हमें लगता है कि यह संसद सत्र हमारे लिए बहुत यादगार रहेगा।उन्होंने कहा, मैं उनके (ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली टीएमसी) बारे में बात नहीं करना चाहती। अब उनका हमारे लिए कोई अस्तित्व नहीं है। रचना बनर्जी ने दावा किया, हमें एनडीए सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी का पूरा समर्थन प्राप्त है।
राज्यसभा सभापति ने पूर्व सदस्यों के निधन पर शोक व्यक्त किया
राज्यसभा के सभापति ने सदन के पूर्व सदस्यों के निधन का जिक्र करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने इन पूर्व सदस्यों को याद किया-- बलबीर के पुंज - राज्यसभा सदस्य रहे। उनका पहला कार्यकाल 3 अप्रैल 2000 से 2 अप्रैल 2006 तक और दूसरा कार्यकाल 3 अप्रैल 2008 से 2 अप्रैल 2014 तक रहा।
- स्वपन साधन बोस- राज्यसभा सदस्य रहे। उनका कार्यकाल 19 अगस्त 2005 से 18 अगस्त 2011 तक रहा।
- रंगासायी रामकृष्ण - राज्यसभा सदस्य रहे। उनका कार्यकाल 3 अप्रैल 2012 से 2 अप्रैल 2018 तक रहा।
- एच. हनुमंथप्पा- राज्यसभा सदस्य रहे। उनका पहला कार्यकाल 3 अप्रैल 1982 से 2 अप्रैल 1988 तक, दूसरा कार्यकाल 3 अप्रैल 1988 से 2 अप्रैल 1994 तक और तीसरा कार्यकाल 3 अप्रैल 1994 से 2 अप्रैल 2000 तक रहा।