फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Lifestyle ›   Yoga and Health ›   asanas for mental and physical benefits in hindi

इन तीन आसनों को नियमित रूप से करने से पहुंचते हैं ढेरों शारीरिक और मानसिक लाभ 

Mon, 17 May 2021 04:55 PM IST
तेजस्वी मेहता अंकित गोयल
अंकित गोयल Published by: तेजस्वी मेहता Updated Mon, 17 May 2021 04:55 PM IST
विज्ञापन
asanas for mental and physical benefits in hindi
ऊर्जा और ताजगी महसूस करेंगें - फोटो : iStock

योग के प्रभाव को जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में महसूस किया जा चुका है। योग सिर्फ व्यायाम ही नहीं बल्कि अत्यंत सूक्ष्म विज्ञान पर आधारित ज्ञान है , जो शरीर, मन और बुद्धि के बीच सामंजस्य स्थापित करता है। योग जीवन जीने की कला और विज्ञान है।  योगिक ग्रंथो के अनुसार, योग अभ्यास व्यक्तिगत चेतना को सार्वभौमिक चेतना में एकाकार कर देता है । आइए जानते हैं ऐसे तीन महत्वपूर्ण योगासनों के बारें में जिनसे ना सिर्फ तनाव और अवसाद कम होगा बल्कि आप ज्यादा ऊर्जा और ताजगी भी महसूस करेंगें। ये आसन पेट से अतिरिक्त वसा घटाते है, कब्जियत को दूर करते हैं और पाचन क्षमता को भी बढ़ाते हैं।

विज्ञापन

भुजंगासनः भुंजग का सामान्य अर्थ सांप व नाग होता है। इस आसन को करने के बाद शरीर की स्थिति सांप के समान हो जाती है, इसलिए इस आसन को भुजंगासन कहते हैं । आइये जानते है, इस आसन को करने की विधि -

विज्ञापन

भुजंगासन करने की विधि : 
सर्वप्रथम पेट के बल लेट जायें,  दोनों हाथों को बगल की तरफ रखें , पूरे शरीर को शिथिल रखें। दोनों पैरों को आपस में मिला लें,  धीरे- धीरे लम्बा व गहरा श्वास लेते हुए,  ठुड्डी और नाभि तक के शरीर को ऊपर उठायें ,कुछ देर इसी अवस्था में रहें,  सामान्य श्वास चलती रहेगी,   धीरे से वापस आते हुए श्वास छोड़ते हुए , शरीर को शिथिल करें। माथें को दोनों हथेलियों पर रखें और पैरो को फैलाकर विश्राम करें।   

विज्ञापन
विज्ञापन

शलभासनः शलभ का सामान्य अर्थ टिड्डी होता है। जो एक प्रकार का कीड़ा होता है । इस आसन को करने के बाद हमारे शरीर की स्थिति टिड्डी के समान हो जाती है, इसलिए इस आसन को शलभासन कहा जाता है ।

शलभासन करने की विधि :
ठुड्डी को जमीन पर टिकाकर दोनों हाथों को बगल में रखें,  हथेलियां आसमान की तरफ़ होनी चाहियें, श्वास अंदर भरते हुए घुटने को बिना मोड़ें , पैरो को जमीन से जितना हो सके  ऊपर की और उठायें ।  इस स्थिति में 10 -15 सेकंड तक रहें, सामान्य श्वास चलती रहेगी । श्वास बाहर छोड़ते हुए पैरो को जमीन पर वापस ले आएं ।


सेतुबंधासनः  सेतुबंध का अर्थ पुल का निर्माण है। इस आसन को करने के बाद शरीर की आकृति एक सेतु की तरह हो जाती  है, इसलिये इस आसन को सेतुबंधासन  कहते हैं ।
सेतुबंधासन करने की विधि :
सर्वप्रथम पीठ के बल लेट जाएं,  दोनों पैरो को घुटनों से मोड़ते हुए एड़ियों को नितम्ब के पास लें आएं,  हाथों से पैर के टखनों से मज़बूती से पकड़ें,  घुटने एवं पैरों को एक सीध में रखें। श्वास अंदर भरते हुए धीरे - धीरे अपने नितम्ब और धड़ को ऊपर की और उठायें , इसी अवस्था में 10 -25  सेकंड तक रहें। इस दोरान सामान्य श्वास चलती रहेगी। श्वास बाहर छोड़ते हुए धीरे - धीरे प्रारंभिक अवस्था में वापस आएं और कुछ समय शवासन में लेटकर शरीर को शिथिल छोड़ दें ।


 

सावधानियां : पेप्टिक अल्सर या हाल ही में हुआ ऑपरेशन, हर्निया से पीड़ित व्यक्ति और गर्भवती महिलाओं को इन आसनों का अभ्यास नहीं करना चाहिये ।

अस्वीकरण- अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित अस्वीकरण- बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें। 




 

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed