फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

अब डेंगू और जीका वायरस को खत्म करेंगे मच्छर! जानिए कैसे

Sat, 22 Aug 2020 07:37 AM IST
सोनू शर्मा लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: सोनू शर्मा Updated Sat, 22 Aug 2020 07:37 AM IST
विज्ञापन
Millions of mosquitoes will be released in America to fight dengue and zika virus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

मच्छरों की संख्या को कम करने के लिए फ्लोरिडा में स्थानीय अधिकारियों ने आनुवंशिक रूप से बदले गए 75 करोड़ मच्छरों को पर्यावरण में छोड़ने का फैसला किया है। इसका मकसद डेंगू या जीका वायरस जैसी बीमारी फैलाने वाले मच्छरों की संख्या को कम करना है। इस योजना को हरी झंडी देने से पहले इस पर काफी बहस हो चुकी है, क्योंकि पर्यावरण संगठनों ने इसको लेकर गलत नतीजे आने की चेतावनी दी थी। एक समूह ने इस योजना की निंदा करते हुए इसे सार्वजनिक 'जुरासिक पार्क प्रयोग' बताया है। 



पर्यावरण कार्यकर्ताओं ने पारिस्थितिकी तंत्र को नुकसान होने को लेकर चेतावनी दी और मिश्रित कीटनाशक प्रतिरोधी मच्छरों के पैदा होने को लेकर चिंता जाहिर की है। हालांकि, इस योजना में शामिल कंपनी ने कहा है कि इसको लेकर इंसानों या पर्यावरण पर कोई खतरा नहीं है। कंपनी ने सरकार समर्थित शोधों का हवाला दिया है। इस योजना को 2021 में फ्लोरिडा कीज (द्वीपों की रेखा) में लागू करने की योजना है। स्थानीय नियामकों की अनुमति के कई महीनों के बाद इसे लागू किया जाएगा। 

Millions of mosquitoes will be released in America to fight dengue and zika virus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

किस प्रकार का है यह मच्छर?

मई में ब्रिटेन स्थित कंपनी ऑक्सिटेक को अमेरिकी पर्यावरण एजेंसी ने आनुवंशिक रूप से बदले गए नर एडीज इजेप्टाई मच्छरों को बनाना था। इन मच्छरों को OX5034 नाम से भी जाना जाता है। एडीज इजेप्टाई मच्छर इंसानों में डेंगू, जीका, चिकनगुनिया और पीला बुखार जैसी जानलेवा बीमारी फैलाने के लिए जाने जाते हैं। केवल मादा मच्छर ही इंसानों को काटते हैं, क्योंकि उन्हें अंडे देने के लिए खून की जरूरत होती है। 

Millions of mosquitoes will be released in America to fight dengue and zika virus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

इस योजना में नर मच्छर बनाना है जो जंगली मादा मच्छरों के साथ मिलकर संभवतः नई नस्ल पैदा करेंगे। इन नर मच्छरों में एक प्रोटीन है जो मादा मच्छरों को उनके काटने की उम्र तक पहुंचने से पहले ही मार देगा। नर मच्छर केवल पराग पर निर्भर हैं जो जीवित बचेंगे वो इसके जीन को और फैलाएंगे। वक्त के साथ-साथ इस योजना का मकसद इस इलाके में एडीज इजेप्टाई मच्छरों की संख्या कम करना और इंसानों में बीमारी फैलना रोकना है। मंगलवार को फ्लोरिडा कीज मॉस्किटो कंट्रोल डिस्ट्रिक्ट के अधिकारियों ने दो साल की अवधि के लिए 75 करोड़ संशोधित मच्छरों को छोड़ने की अनुमति दी। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Millions of mosquitoes will be released in America to fight dengue and zika virus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

कंपनी का क्या है तर्क?

इस योजना की बहुत आलोचनाएं हुई हैं। चेंज डॉट ओआरजी नामक वेबसाइट पर इस योजना के खिलाफ लिखे एक प्रस्ताव पर 2.40 लाख लोगों ने हस्ताक्षर किए हैं। उन्होंने ऑक्सिटेक कंपनी पर अमेरिकी जमीन को 'टेस्टिंग ग्राउंड' बनाने की आलोचना की है।

विज्ञापन
Millions of mosquitoes will be released in America to fight dengue and zika virus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

वहीं, ऑक्सिटेक की वेबसाइट का कहना है कि उसने ब्राजील में परीक्षण किए हैं जिसके सकारात्मक परिणाम आए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, कंपनी को टेक्सस राज्य में भी 2021 में इस योजना को लागू करने की संघीय अनुमति मिल गई है, लेकिन उन्हें राज्य या स्थानीय अनुमति नहीं मिली है। इस योजना की आलोचना करते हुए पर्यावरण समूह फ्रेंड्स ऑफ द अर्थ ने कहा है, 'आनुवंशिक रूप से बदले गए मच्छरों को अनावश्यक रूप से फ्लोरिडा के लोगों पर छोड़ा जा रहा है। महामारी के दौरान पर्यावरण और विलुप्तप्राय प्रजाति पर खतरा है।' 

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed