गर्भनिरोधक दवा लेने वाली महिलाओं को कोरोना से ज्यादा खतरा
कोरोना महामारी के दौरान गर्भनिरोधक गोलियों का इस्तेमाल करने वाली महिलाओं को सतर्क रहना होगा। अमेरिका के मेन हेल्थ नेटवर्क से जुड़े रिप्रोडक्टिव इंडोक्राइनोलॉजिस्ट डॉ. डेनियल स्प्रैट ने चेतावनी देते हुए कहा है कि जो महिलाएं महामारी के दौरान गर्भनिरोधक गोलियां ले रही हैं या जो हॉर्मोन रिप्लेसमेंट थैरेपी ले रही हैं उन्हें सावधान रहना होगा।
उन्होंने कहा कि अगर ये महिलाएं कोरोना संक्रमण की चपेट में आती है तो इनमें खून का थक्का जमने का खतरा अधिक है। डॉ. स्प्रैट के अनुसार गर्भनिरोधक गोलियों में एस्ट्रोजन होता है जिससे रक्त वाहिका सिकुड़ सकती है। संक्रमण की चपेट में आने पर खून का थक्का बनने से तकलीफ दोगुनी हो सकती है। गर्भावस्था के दौरान खून का थक्का बनने की संभावना चार से पांच गुना अधिक होती है।
पैरों में थक्का बनने से हो सकती है शुरुआत
डॉ. स्प्रैट के अनुसार कोरोना मरीजों में खून का थक्का बनने के मामले सामने आ रहे हैं। एस्ट्रोजन की मौजूदगी से नसों की गहराई तक जानलेवा खून का थक्का बन सकता है। खून का थक्का बनने की शुरुआत पैरों से होती है।
फिर ये धीरे-धीरे हृदय तक पहुंचता है जिस कारण हार्ट अटैक या स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में महामारी के समय महिलाओं को गैर जरूरी दवाओं के इस्तेमाल से बचना होगा नहीं उनकी जान मुश्किल में पड़ सकती है।