सावधान : एसएससी के नाम पर उम्मीदवारों को भ्रमित कर रहे फर्जी ट्विटर अकाउंट
एसएससी के नाम पर आप जिस भी सोशल मीडिया अकाउंट को फॉलो करते हैं, तो तुरंत अनफॉलो करें और उसे ब्लॉक कर दें। एसएससी के नाम पर बने हुए सभी अकाउंट फर्जी हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बेरोजगार युवाओं को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के कई मामले सामने आ रहे हैं। केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों में नियुक्तियों के लिए भर्ती परीक्षाएं आयोजित करने वाला कर्मचारी चयन आयोग भी इससे अछूता नहीं रहा है। कर्मचारी चयन आयोग के नाम पर ट्विटर पर कई अलग-अलग अकाउंट बने हुए हैं, जो आधिकारिक अकाउंट होने का दावा करते हैं और रोजगार की तलाश कर रहे उम्मीदवारों को भ्रामक जानकारियां देते हुए ठगने की कोशिश कर रहे हैं।
सभी अकाउंट अपने को स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) यानी कर्मचारी चयन आयोग का आधिकारिक ट्विटर हैंडल बताते हैं। इतना ही नहीं इन अकाउंट पर लगातार भर्ती परीक्षाओं की जानकारी और सूचनाओं से जुड़े अपडेट भी जारी होते रहते हैं। इससे कई बेरोजगार अभ्यर्थियों को भ्रम वश यह यकीन हो जाता है कि यही ट्विटर अकाउंट या हैंडल असली है और वे उसे फॉलो करने लग जाते हैं।
सोशल मीडिया पर आम लोगों के लिए यह जानना बड़ी समस्या है कि इनमें से असली ट्विटर हैंडल कौनसा है और कौनसा फर्जी है। आज के दौर में जहां हर वायरल जानकारी की पुष्टि करने के लिए अधिकतर लोग संबंधित संस्थान के आधिकारिक ट्विटर हैंडल का सहारा लेते हैं, लेकिन अगर वहां से भी गलत जानकारी मिले तो आप आसानी से ठगी का शिकार बन सकते हैं।
अगर आप भी एसएससी से जुड़ा ऐसा कोई कथित ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट या हैंडल फॉलो करते हैं, तो सावधान हो जाइए। आपको बता दें कि स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) यानी कर्मचारी चयन आयोग का कोई ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट या हैंडल ही नहीं है। एसएससी के नाम पर आप जिस भी सोशल मीडिया अकाउंट को फॉलो करते हैं, तो तुरंत अनफॉलो करें और उसे ब्लॉक कर दें। एसएससी के नाम पर बने हुए सभी अकाउंट फर्जी हैं।
सरकार के लिए ग्रुप बी और सी के गैर तकनीकी पदों पर भर्तियां निकालने वाले और परीक्षाओं का आयोजन करने वाले कर्मचारी चयन आयोग का अपना कोई आधिकारिक ट्विटर हैंडल या अकाउंट नहीं है। एसएससी की सिर्फ एक आधिकारिक वेबसाइट https://ssc.nic.in है। इस बात की पुष्टि सूचना और प्रसारण मंत्रालय के अधीन प्रेस सूचना ब्यूरो यानी पीआईबी की टीम की तथ्यात्मक पड़ताल में भी की जा चुकी है।
पीआईबी की टीम की तथ्यात्मक पड़ताल में पाया गया कि एसएससी के नाम पर बनाए गए सभी कथित ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट या हैंडल फर्जी हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि @ssc_nic_in और @SSCorg_in आदि फेक और फर्जी ट्विटर अकाउंट हैं। इनका एसएससी यानी कर्मचारी चयन आयोग से कोई लेना-देना नहीं है। उल्लेखनीय है कि स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) यानी कर्मचारी चयन आयोग फिलहाल ट्विटर पर मौजूद नहीं है।
A Twitter account "@ssc_nic_in" claims to be the official Twitter handle of the Staff Selection Commission (SSC).#PIBFactCheck: This account is #Fake. SSC does not have any official Twitter account.
For updates, visit SSC's official website: https://t.co/TBpAUvyLpt pic.twitter.com/xVUp0HOYlj— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) March 30, 2021