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यूपी: 29334 शिक्षक भर्ती पर कोर्ट का कड़ा फैसला

Sat, 22 Aug 2015 04:07 PM IST
Updated Sat, 22 Aug 2015 04:07 PM IST
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high court decision on recruitment of 29334 teachers

उच्च प्राथमिक विद्यालयों में 29334 गणित विज्ञान के अध्यापकों की नियुक्ति के मामले में प्रमुख सचिव बेसिक शिक्षा और सचिव बेसिक शिक्षा पर अवमानना कानून के तहत कार्रवाई हो सकती है।

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हाईकोर्ट ने कहा है कि सभी अभ्यर्थियों को यदि 14 सितंबर तक नियुक्ति पत्र जारी नहीं किया जाता है तो प्रमुख सचिव हीरालाल गुप्ता और सचिव संजय सिन्हा अदालत में हाजिर होकर स्पष्टीकरण दें। कोर्ट आदेश की अवहेलना करने पर इनके विरुद्ध अवमानना का आरोप तय करेगी।
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न्यायमूर्ति रणविजय सिंह ने दीपक शर्मा की अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने पूर्व में ही गणित विज्ञान के अध्यापकों को दो माह में नियुक्ति पत्र जारी करने का निर्देश दिया था। इस मामले में कई याचिकाएं दाखिल होने के कारण नियुक्तिपत्र देने का मामला लटका रहा।
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अंतिम रूप से याचिकाओं का निस्तारण होने के बाद भी नियुक्तिपत्र जारी नहीं करने पर अवमानना याचिका दाखिल की गई। सचिव बेसिक शिक्षा में हलफनामा दाखिल कर बताया है कि सभी को नियुक्ति पत्र शीघ्र ही जारी कर दिया जाएगा। कोर्ट ने कहा कि इस आश्वासन के तहत 15 सितंबर तक सभी को नियुक्ति पत्र जारी कर दिए जाएं।

आईएएस में 2011 बैच को मौका देने पर मांगा जवाब

high court decision on recruitment of 29334 teachers

हाईकोर्ट ने संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित वर्ष 2015 की सिविल सेवा परीक्षा में सिर्फ वर्ष 2011 बैच के अभ्यर्थियों को ही दोबारा बैठने का मौका देने पर आयोग से जवाब मांगा है।

कोर्ट ने पूछा है कि आयु सीमा पूरी कर चुके 2011 बैच के अभ्यर्थियों को ही मौका क्यों दिया जा रहा है। 2012,13 और 14 बैच वालों को दोबारा अवसर क्यों नहीं दिया जा रहा है। इस मामले पर 31 अगस्त को अगली सुनवाई होगी। अनिमेष सिंह और अन्य की याचिका पर न्यायमूर्ति अरुण टंडन और न्यायमूर्ति भारतभूषण की खंडपीठ सुनवाई कर रही है।

आयोग के वकील एएन राम का कहना था कि याची का अवसर 2010 में ही समाप्त हो चुका है। आयोग ने नियमों में संशोधन कर सिर्फ 2011 बैच वालों को ही एक और मौका देने का निर्णय लिया है। अदालत ने विस्तृत हलफनामा दाखिल कर जवाब देने का निर्देश दिया है।

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